RBI
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    नयी दिल्ली. एक बड़ी खबर के अनुसार सरकार ने अब डिजिटल भुगतान (Digital Payment) को बढ़ावा देने के लिए कई बड़े उपाय अपनाए हैं। इसी के साथ ही अब भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) भी ग्राहकों को डिजिटली लेनदेन करने के लिए बहुत ज्यादा प्रोत्साहित करता रहा है। हालाँकि कोरोना काल में देश में डिजिटल भुगतान तेजी से बढ़ा था। हालाँकि इसमें अब भी कई खामियां हैं। 

    ऐसे में अब भारतीय रिजर्व बैंक डिजिटल भुगतान को उपभोक्ताओं के लिए सुरक्षित और सुविधाजनक बनाने के लिए अपना पहला वैश्विक हैकाथॉन (Hackathon) आयोजित करने वाला है। इस बात केंद्रीय बैंक ने बीते मंगलवार को इसकी घोषणा करते हुए कहा कि, “हार्बिंजर 2021′ (HARBINGER 2021) नाम के इस हैकाथॉन के लिए रजिस्ट्रेशन आगामी 15 नवंबर से शुरू होगा।”

    आखिर क्या है HARBINGER 2021?

    दरअसल ‘स्मार्टर डिजिटल पेमेंट्स’ थीम के साथ ‘हार्बिंजर 2021-इनोवेशन फॉर ट्रांसफॉर्मेशन’ (HARBINGER 2021–Innovation for Transformation) में प्रतिभागियों को अब ऐसे समाधानों की पहचान करनी होगी, जिससे डिजिटल भुगतान की पहुंच वंचित तबके या गरीब तबके तक भी हो। इतना ही नहीं इसके साथ ही भुगतान को आसान बनाने और इससे जुड़े अनुभव को बेहतर व और अधिक सुरक्षित बनाने से जुड़े मुद्दों की पहचान के लिए और भी सटीक और महत्वपूर्ण समाधान पेश करने होंगे।

    क्या पाएगा इसका विजेता ?

    पता हो कि हैकाथॉन में भाग लेने वालों को उद्योग के विशेषज्ञों द्वारा सलाह तो मिलेगी ही, इसके साथ ही प्रतिष्ठित लोगों के समक्ष अपने समाधान प्रदर्शित करने का एक बहतरीन अवसर मिलेगा और प्रत्येक श्रेणी में पुरस्कार जीतने का एक सुनहरा अवसर भी मिलेगा। जी हाँ इस प्रतियोगिता में ज्यूरी हर एक वर्ग में विजेताओं का चयन करेगी। इसमें पहला स्थान पाने वाले को 40 लाख रुपये मिलेंगे। वहीं दूसरे स्थान पर रहने वाले प्रतिभागी को 20 लाख रुपये का एक बड़ा इनाम दिया जाएगा।

    अब तेजी से बढ़ रहा डिजिटल लेनदेन, देखें आंकडें 

    आपको बता दें कि देश में डिजिटल भुगतान काफी तेजी से बढ़ चला है। इसके लिए ग्राहक नेट बैंकिंग (Net Banking), डेबिट-क्रेडिट कार्ड (Debit-Credit Card), गूगल पे (Google Pay), पेटीएम (Paytm), आदि का भी धड़ल्ले से इस्तेमाल कर रहे हैं। पता हो कि यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) के जरिए बीते अक्टूबर में ही 4 बिलियन से अधिक के लेनदेन हुए हैं, जो यूपीआई की स्थापना के बाद से अब तक का सबसे उच्च स्तर है। वहीं मूल्य के संदर्भ में, UPI के जरिए अक्टूबर में कुल 7।71 ट्रिलियन रुपये का रिकॉर्ड लेनदेन हुआ था। आशा है ‘हार्बिंजर 2021’ से डिजिटल भुगतान में और भी अधिक विश्वनीयता बढ़ेगी।