Video: Punjab CM Charanjit Singh Channi reaches Dera Baba Nanak, will visit Kartarpur Sahib with other cabinet ministers

    नयी दिल्ली. सुबह की बड़ी खबर के अनुसार सिख श्रद्धालुओं (Sikh Pilgrims) के लिए आज का दिन बेहद खुशी से भरा हुआ है। आखिर हो भी क्यों ना, क्योंकि आज से पाकिस्तान स्थित सिखों के बेहद पूजनीय तीर्थस्थल गुरुद्वारा दरबार साहिब (Gurudwara Darbar Sahib) में बिना रोक-टोक भारतीय दर्शनार्थी फिर से जा सकेंगे।

    जी हाँ, केंद्र सरकार ने सिख श्रद्धालुओं के लिए बीते मंगलवार को करतारपुर कॉरिडोर खोलने का फैसला किया ।केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने इसकी घोषणा की। जिसके तहत आज से पूजनीय तीर्थस्थल गुरुद्वारा दरबार साहिब के कापत आज से  भारतीय दर्शनार्थी के लिया खुल जायेंगे।

    गौरतलब करतारपुर गलियारा सिख धर्म के संस्थापक गुरु नानक देव जी के अंतिम विश्राम स्थल गुरुद्वारा दरबार साहिब, पाकिस्तान को पंजाब के गुरदासपुर जिले में डेरा बाबा नानक गुरुद्वारे से भी जोड़ता है। वहीं कोरोना के प्रकोप के बाद मार्च 2020 से रुकी हुई तीर्थयात्रा को फिर से शुरू करने की घोषणा शुक्रवार को गुरु नानक देव की जयंती से तीन दिन पहले की गई थी।

    बता दें कि, गृह मंत्री अमित शाह (Home Minister Amit Shah) ने कल यानी 17 नवंबर से करतारपुर साहिब कॉरिडोर (Kartarpur Sahib Corridor) को फिर से खोलने के फैसले की घोषणा की थी। इस बड़े फैसले का एलान करते हुए उन्होंने ने ट्वीट करते हुए कहा है कि, “सरकार ने कल 17 नवंबर से करतारपुर साहिब कॉरिडोर को फिर से खोलने का फैसला किया है। यह निर्णय श्री गुरु नानक देव जी और हमारे सिख समुदाय के प्रति मोदी सरकार की अपार श्रद्धा को दर्शाता है।”

    CM चरणजीत सिंह चन्नी ने किया फैसले का खुश होकर स्वागत

    इधर पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी ने केंद्र के फैसले का स्वागत किया और कहा कि, राज्य मंत्रिमंडल अब उस ‘जत्थे’ का हिस्सा होगा जो 18 नवंबर को पाकिस्तान में गुरुद्वारे का दौरा करेगा। इतना ही नहीं चन्नी के अलावा, कांग्रेस की पंजाब इकाई के अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू, पूर्व मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह, भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव तरुण चुघ और शिरोमणि अकाली दल के प्रमुख सुखबीर सिंह बादल ने भी केंद्र के इस कदम की भरपूर सराहना की।

    बता दें कि इससे पहले कांग्रेस की पंजाब के प्रमुख नवजोत सिंह सिद्धू और राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने मंगलवार को केंद्र से अनुरोध किया था कि 19 नवंबर को गुरपरब से पहले श्रद्धालुओं के लिए करतारपुर गलियारा फिर से खोला जाए। 

    क्या है इसका इतिहास 

    पता हो कि, करतारपुर गलियारा पाकिस्तान में गुरुद्वारा दरबार साहिब को गुरदासपुर जिले में डेरा बाबा नानक से जोड़ता है। इस बाबत भारत ने 24 अक्टूबर, 2019 को पाकिस्तान के साथ करतारपुर गलियारा समझौते पर हस्ताक्षर किए थे। इस समझौते के तहत, सभी धर्मों के भारतीय तीर्थयात्रियों को 4।5 किलोमीटर लंबे मार्ग के माध्यम से साल भर वीजा मुक्त यात्रा करने की अनुमति दी गई थी। वहीं नवंबर 2019 में, खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस गलियारे का भव्य उद्घाटन किया था।

    गुरुद्वारा दरबार साहिब के दर्शन के लिए इन बातों का रखना होगा ख्याल

    • करतारपुर कॉरिडोर जाने वाले सभी यात्रियों को देना होगा 72 घंटों में कराए गए RT-PCR टेस्ट की नेगेटिव रिपोर्ट।
    • साथ ही वैक्सीन सर्टिफिकेट साथ ले जाना अब अनिवार्य होगा। 
    • करतारपुर गुरुद्वारे में भी पाकिस्तान के अन्य इलाकों की तरह वहां के कोरोना गाइडलाइंस का पालन करना जरूरी होगा।
    • मास्क और सैनीटाईज़र भी अनिवार्य होगा।