जानें आज के दिन क्यों मनाया जाता है विश्व जल निगरानी दिवस, क्या है इसका उद्देश्य और इतिहास

    वर्ष 2003 से शुरुआत 18 सितंबर को विश्व जल निगरानी दिवस (World Water Monitoring Day)  मनाया जाता है। इस दिन को मनाने का उद्देश्य दुनिया भर के जल की निगरानी करना लोगों को जागरूक करना। हर उम्र के लोगों को इसमें जोड़ना लोगों की भागीदारी से इस विश्व जल निगरानी दिवस मनाया जाता है। इस दिन नदियों और नहरों के जल निकाय की स्थिति की निगरानी के लिए सभी उम्र के लोगों को एक साथ लाना लोगों को इसके बारे में बताना जागरूक करना। हर साल विश्व जल निगरानी दिवस का थीम रखा जाता है। 2020 में इसका विषय ‘Solve Water’ था। इस साल  इस वर्ष के विश्व जल निगरानी दिवस 2021 का विषय “पानी का महत्व” रखा गया है। 

    विश्व जल निगरानी दिवस का इतिहास

    विश्व जल निगरानी दिवस 2003 में अमेरिका के स्वच्छ जल फाउंडेशन (ACWF) द्वारा स्थापित किया गया था।  इस कार्यक्रम को बाद में “विश्व जल निगरानी चुनौती” और “अर्थो वाटर चैलेंज ” नाम दिया गया। रॉबर्ट (रॉबी) सैवेज, एसीडब्ल्यूएफ के अध्यक्ष और सीईओ ने डब्ल्यूडब्ल्यूएमडी बनाया, और एडवर्ड मोयर पहले डब्ल्यूडब्ल्यूई एमडी समन्वयक थे। 

    विश्व जल निगरानी दिवस मूल रूप से 18 सितंबर को वार्षिक रूप से मनाया गया था। इस तारीख को शुरू में एक महीने बाद (18 अक्टूबर) को अमेरिका की 12 वीं वर्षगांठ के रूप में मान्यता देने के लिए चुना गया था। इस दिन को मनाने का यह उद्देश्य है कि दुनिया भर पानी बचाने के लिए लोगों को जागरूक करना और लोगों की भागीदारी का निर्माण करना है।

    उनके स्थानीय जल निकायों की बुनियादी निगरानी। कांग्रेस सरकार द्वारा जल संसाधनों की पुनर्स्थापना और सुरक्षा के लिए 1972 में स्वच्छ जल अधिनियम में अधिनियमित किया गया था। दुनिया के कई देशों ने अपने सुविधाजनक रूप से तारीख बदली थी।