Loco pilot training in the backdrop of goods train running without driver incident
मालगाड़ी (PIC Credit: Social Media)

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नई दिल्ली: उत्तर रेलवे मंडल (Northern Railway Division) ने लोको पायलट (loco Pilot) और सहायक लोको पायलट (Assistant Loco Pilot) को प्रशिक्षण देने के लिए 25 फरवरी से 15 दिन का विशेष अभियान शुरू किया है जिसमें उन्हें कामकाज की अवधि के बाद इंजनों को स्थिर करने के संबंध में नियमों का कड़ाई से पालन करने के बारे में परामर्श दिया जा रहा है।  

मुख्य लोको निरीक्षकों (सीएलआई) और विभिन्न स्टेशनों के लॉबी प्रभारियों को संबोधित एक लिखित निर्देश में जम्मू और पठानकोट के बीच लगभग 75 किमी तक एक मालगाड़ी के चालक के बिना चलने की हालिया घटना का विवरण दिया गया है और कहा गया है कि वर्तमान परामर्श अभियान का उद्देश्य भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति से बचना है।   

उसने सीएलआई को लोको पायलटों और सहायक लोको पायलटों को प्रशिक्षित करने का निर्देश दिया कि वे इंजन से बाहर आने और उसे मानव रहित छोड़ने के बजाय, उसके अंदर का कार्यभार किसी को सौंप दें या अपने हाथ में रखें। 

(एजेंसी)