भुसावल में रहेगी 200 नए सीसीटीवी कैमरों की नजर

  • जगह का किया निरीक्षण

भुसावल. जिला योजना समिति के तहत 2015-16 में शहर के विभिन्न हिस्सों में 64 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे। इन कैमरों की सही ढंग से देखभाल और रखरखाव न होने से आज यह सभी कैमरें बंद पड़े है। इनमें से कई कैमरे टूट गए हैं और उनकी मरम्मत नहीं की जा सकती। यह देख नगर पालिका और पुलिस प्रशासन की ओर से शहर में 200 नए सीसीटीवी कैमरे लगाने की योजना बनाई जा रही है।

इस संबंध में डीवाईएसपी सोमनाथ वाघचौरे ने हाल ही में पालिका मुख्याधिकारी संदीप चिद्रावर के साथ चर्चा की और योजना पर अमल शुरू करने को कहा है। इसके तत्काल बाद कैमरे लगाने वाले ठेकेदार ने सीसीटीवी कैमरे लगवाने के लिए शहर के विभिन्न स्थलों का निरीक्षण किया। 

बताया जा रहा है कि शहर और बाजारपेठ पुलिस थाने की हद में चार साल पहले 64 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे। इसके बाद इन कैमरों का रखरखाव नहीं हुआ। किसी ने भी इस ओर गंभीरता से ध्यान न देने से ये कैमरे सालों से बंद पड़े हैं। हालांकि इनमें से कुछ कैमरे खराब हो गए हैं तो कुछ टूट गयें हैं। यह टूटे-फूटे कैमरों की दुरुस्ती के लिए पुलिस विभाग के पास कोई प्रावधान नहीं है। इसलिए सभी 64 कैमरे बंद पड़े हैं। वर्तमान में शहर में चोरी की संख्या बढ़ रही है और बाइकसवार बदमाशों द्वारा धूम स्टाइल में महिलाओं के मंगलसूत्र छीनकर भागने के अपराध बढ़ रहे हैं।

इसलिए दोबारा से शहर के संवेदनशील बस्ती, बाजार और चौराहों पर सीसीटीवी कैमेरे लगाने की मांग उठाई जा रही है, जिस समय शहर में सीसीटीवी कैमेरे लगाएं गये थे, तब नगर थाने के तत्कालीन सहायक निरीक्षक दीपक गंधाले ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर ही दो चोरों को पकड़ा था। भुसावल शहर संवेदनशील शहर है, इसलिए यहां सीसीटीवी कैमरों की आवश्यकता है।

यह यही बात ध्यान में रखते हुए शहर में लगभग 200 नयें सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। दरमियान पता चला है कि शहर में किसी ख़ास योजना के माध्यम से ही सीसीटीवी कैमेरे लगाएं जाएंगे। इस दिशा से शहर पालिका अभियंताओं को इस पर अंदाजन खर्च और अभ्यास करने की सूचनाएं भी दे दी गई हैं। अभियंताओं की रपट पर तत्काल प्रस्ताव लेकर वह जिलाधिकारी के सामने मंजूरी के लिए रखा जाएगा। इसके बाद टेंडर प्रणाली पर काम शुरू कर दिया जयेगा।