गंभीर बीमारियों में भी असरदार है ‘यह’ बीज, जानिए कब और कैसे खाए

    -सीमा कुमारी 

    औषधीय गुणों से भरपूर ‘अलसी’ (flax seeds) का सेवन सेहत के लिए बेहद फायदेमंद होता है। क्योंकि, अलसी में प्रोटीन, फैट, कार्बोहाइड्रेट, फाइबर, कैल्शियम, मैग्‍नीशियम, फास्‍फोरस, पोटैशियम, फोलेट और जीएक्‍सेंथिन होते हैं, जिसके कारण इसे सुपरफूड भी कहा जाने लगा है। अलसी के बीज न सिर्फ मोटापा कंट्रोल करते हैं, बल्कि कई बीमारियों का उपचार भी करते हैं। 

    इसका नियामित और समय पर सेवन किया जाए तो इससे बॉडी को कई फायदे पहुंचते हैं। दिल के मरीज़ों के लिए इसका सेवन बेहद उपयोगी है। अब सवाल यह उठता है कि अलसी का सेवन किस तरह करें और उसे कब खाएं ताकि सेहत के उससे ज्यादा फायदा पहुंचे। आइए जानें कैसे और कब करें अलसी के बीज का सेवन।

    हेल्थ एक्सपर्ट्स के मुताबिक, अलसी में ओमेगा-3 फैटी एसिड होता है, और ये कई प्रकार की कैंसर की कोशिकाओं को बढ़ने से रोक सकता है। इनमें लिगनेन एंटीऑक्‍सीडेंट भी होता है जो नई रक्‍त वाहिकाओं को बनने से रोक कर ट्यूमर के बढ़ने की गति को धीमा कर देता है। ऐसे में इसका सेवन करना सेहत के लिए फायदेमंद हो सकता है।

    अलसी के बीज (flax seeds) खाने की बजाए उन्हें पीसकर उनका सेवन करें। साबुत अलसी के बीज में ऊपर भूरे रंग का एक कवर होता है, जिसे पचाना आंत के लिए काफी मुश्किल होता है जिसकी वजह से अलसी के पोषक तत्वों को शरीर अवशोषित नहीं कर पाता। असली को पीसकर खाने से ज्यादा फायदा होगा।

    एक्सपर्ट्स बताते हैं कि, रोजाना अलसी के बीज खाने से कोलेस्ट्रॉल का लेवल 6 से 11 प्रतिशत तक कम हो सकता है। इसमें हाइ फाइबर और लिगनेन कंटेंट होता है जो कोलोस्ट्रोल को कंट्रोल करता है।

    अलसी में एंटी-ऑक्सीडेंट्स और फाइटो कैमिकल्स गुण मौजूद होते हैं जो जो बढ़ती उम्र में चेहरे पर होने वाली झुर्रियों से निजात दिलाते हैं, साथ ही स्किन को जवां और खूबसूरत भी बनाते हैं।

    अलसी (flax seeds) इतने गुणों और पोषक तत्‍वों से भरपूर है कि आयुर्वेदिक दवाओं में संपूर्ण स्‍वास्‍थ्‍य में सुधार लाने, त्‍वचा के पीएच स्‍तर को संतुलित रखने, दीर्घकालिक स्थितियों जैसे कि डायबिटीज, एथेरोस्‍केलेरोसिस और आर्थराइटिस को रोकने एवं कैंसर से बचने के लिए इसका इस्‍तेमाल किया जाता है।