सैर पर जाने से पहले जान लें सरकार द्वारा जारी नई ट्रैवेल एडवाइजरी और राज्य नियम

    नई दिल्ली : कोरोना के मामलों को देश में कम होता देख सब लोग घूमने के लिए निकल पड़े है। जहां तक घूमना ठीक है, पर खतरा अभी भी टला नहीं है। ऐसे में पूरी सावधानी बरतना बेहद जरुरी है। स्वास्थ्य पूर्ण जीवन जीना है तो कुछ नियमों का पालन करना बेहद जरूरी है। देश में कोरोना की दूसरी लहर कमजोर हो चुकी है, लेकिन तीसरी लहर का अंदेशा है।

    इसके लिए सरकार तैयारियों में जुटी है। सरकार खासतौर पर हिल स्टेशन और बाजारों में उमड़ रही भीड़ को लेकर खासी चिंतित है। इसी को लेकर अब हेल्थ मिनिस्ट्री ने ट्रैवलिंग को लेकर नई गाइडलाइन जारी की है। इसमें कहा गया है कि बिना फुल वैक्सीनेशन के यात्रा से बचने की जरूरत है। हेल्थ मिनिस्ट्री की ओर से जारी इस गाइडलाइन में 7 प्रमुख बातों पर फोकस किया गया है। तो चलिए जानते है उन खास जरूरी बातें…. 

    1. ढिलाई नहीं, सतर्क रहे 

    सीरो-सर्वे में कोरोना के खिलाफ आशा की किरण दिखी है, लेकिन अभी ढिलाई नहीं दी जा सकती है। 32 परसेंट लोग अब भी कोरोना से सुरक्षित नहीं हैं। ऐसे में हेल्थ मिनिस्ट्री का कहना है, की कोरोना को लेकर हम किसी भी तरह की  ढिलाई नहीं कर सकते।

    2. जिला स्तर पर नहीं बयान

    सीरो सर्वे के मुताबिक देश में कोरोना को लेकर सर्वे किया गया है। लेकिन सरकार का कहना है की जिला स्तर पर वे अभी कुछ नहीं कह सकते। सरकार ने कहा कि लोकल या जिला स्तर पर हालात अलग हो सकते हैं। सीरो-सर्वे में देश की स्थिति पर ओवरऑल नजर डाली गई है।

    3. राज्य स्तर पर एक्शन जरूरी

    हेल्थ मिनिस्ट्री का यह कहना है कि कोविड से जुड़े मामलों का सही डाटा मिलने के लिए राज्यस्तर  पर एक्शन लेना जरुरी है। राज्यों को स्थानीय सीरो-सर्वे जारी रखना चाहिए जिससे यह पता लगाया जा सके कि कोविड के खिलाफ आबादी का परसेंटेज कितना सुरक्षित है।

    4. आ सकती है तीसरी लहर

    सर्वे के मुताबिक देश के सभी राज्यों की स्थिति अलग-अलग है। भविष्य में संक्रमण की लहर आ सकती हैं। कुछ राज्यों में कोरोना के खिलाफ हाई लेवल पर इम्यूनिटी मिली है, जबकि कहीं पर यह बहुत नीचे है। इसी को देखते हुए ये अंदाजा लगा सकते है कि तीसरी लहर आ सकती है, इसे देखते हुए हमने पहले सावधानी बरतना बेहद जरुरी है।

    5. गैर जरूरी यात्रा से बचें

    जीवन से भड़कर कुछ नहीं है। भविष्य मने हालात सामान्य रहे तो आप जितना चाहे घूम सकते है। पर अभी परिस्थिति बेहद नाजुक है जा जरुरत न हों वहां यात्रा करने से बचें। कई राज्यों में ढील से टूरिस्ट स्पॉट और मार्केट में भीड़ उमड़ रही है, जिससे संक्रमण का खतरा बढ़ा है। लोगों को गैर-जरूरी यात्रा से बचने की जरूरत है।

    6. सभाओं से बचें

    कोरोना के मामले कम हो गए है,लेकिन कोरोना पूरी तरह सेनहीं गया है ऐसे में जितना हो सकें सभाओं को ,भीड़ में जाने से बचें। कई राज्यों ने सभाओं के लिए पाबंदियों में ढील दी है, लेकिन अभी इससे बचने की जरूरत है। उत्तराखंड, यूपी और दिल्ली ने हाल ही में कांवड़ यात्रा रद्द की है।

    7. वैक्सीनेशन प्रक्रिया पूरी होने के बाद यात्रा

    सरकार ने जारी किये सलाहों में कहां गया है की वैक्सीनेशन के पुरे डोज़ लेने के बाद ही यात्रा पर जाएं । सरकार ने कहा कि फुल वैक्सीनेशन के बाद ही यात्रा करें। यानी कि वैक्सीन की दोनों डोज तय अंतराल के बाद ले चुके लोग ही यात्रा पर जाएं।

    क्या हैं राज्यों के नियम?

    दिल्ली

    5 परसेंट से ज्यादा पॉजिटिविटी रेट वाले राज्यों से आने वालों को वैक्सीन की दोनों डोज का सर्टिफिकेट या आरटी-पीसीआर की नेगेटिव रिपोर्ट दिखानी होगी।

    महाराष्ट्र

    पूरी तरह वैक्सीनेटेड लोग बिना आरटी-पीसीआर के भी राज्य में आ सकते हैं।

    उत्तराखंड

    उत्तराखंड आने वाले यात्रियों के लिए पूरी तरह वैक्सीनेटेड होना जरूरी है, नहीं तो 72 घंटे तक की आरटी-पीसीआर रिपोर्ट लेनी होगी।

    कर्नाटक

    निगेटिव आरटी-पीसीआर रिपोर्ट लाना अनिवार्य है। वैक्सीन का सर्टिफिकेट भी होना चाहिए।

    तमिलनाडु

    31 जुलाई तक लॉकडाउन के चलते ई पास जरूरी है।

    पश्चिम बंगाल

    फुली वैक्सीनेशन का प्रूफ दिखाना होगा या फिर नेगेटिव रिपोर्ट लानी होगी। बिना रिपोर्ट पैसेंजर्स को 14 दिन क्वारंटाइन में रहना होगा।

    उत्तर प्रदेश

    फुल वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट के साथ आरटी-पीसीआर की नेगेटिव रिपोर्ट लाना अनिवार्य है।