Eknath Khadse and Fadnavis

मुंबई. भाजपा का दामन छोड़कर राष्ट्रवादी कांग्रेस में शामिल हुए वरिष्ठ नेता एकनाथ खड़से ने फिर एक बार फडणवीस पर जमकर हमला किया है। एक सार्वजनिक समारोह में बोलते हुए, खडसे ने कहा, “मैंने मुख्यमंत्री का पद एक ब्राह्मण को दान कर दिया।” 

खडसे ने कहा, “नाथाभाऊ इतने दयालु हैं कि, हमें बताया गया आप अभी घर पर रहें, मैं मुख्यमंत्री बनना चाहता हूं। नाथाभाऊ पर मुक्ताबाई का आशीर्वाद है, तो मैंने कहा, ‘ले लो, तू भी क्या याद करेगा।” उन्होंने कहा, मैं अच्छे लोगों को दान करता हूं, तो इन ब्राह्मणों को दान देने की क्या बात है। ऐसे तीखे शब्दों में खड़से ने नाम लिए बिना फडणवीस की आलोचना की। 

भाजपा छोड़ने का कारण बताते हुए, खडसे ने कहा,” भाजपा  ने एक व्यक्ति के लिए मुझ जैसे को दूर किया। केवल एक व्यक्ति के कारण सरकार की बदनामी हुई और इन लोगों की वजह से ही मुझे भाजपा का साथ छोड़ना पड़ा। जहां अपने लोग ही गद्दार होते है उस घर में रहकर क्या मतलब। एक धोखेबाज़ दोस्त के बजाय एक दयालु दुश्मन कभी भी अच्छा होता है।”

आगे उन्होंने कहा, मैंने अपना पूरा जीवन भारतीय जनता पार्टी को दिया। मेरा बेटा जाने के बाद भी मैं भाजपा के प्रति वफादार रहा। लेकिन मुझे एक आदमी ने बहुत सताया।” इन शब्दों में खड़से एक बार फिर अपना दुख व्यक्त किया।