Last rites of CRPF jawan martyred in encounter in Jammu and Kashmir in the village of Maharashtra

मुंबई.  जम्मू-कश्मीर के पुलवामा जिले में आतंकवादियों के साथ मुठभेड़ में शहीद हुए सीआरपीएफ के जवान सुनील काले का बुधवार को महाराष्ट्र के सोलापुर जिले में उनके पैतृत्व गांव में अंतिम संस्कार किया गया। एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि वर्ष 2000 में सीआरपीएफ में भर्ती हुए काले (41) मंगलवार को पुलवामा में एक मुठभेड़ में शहीद हो गए थे।

अधिकारी ने बताया कि शहीद जवान का शव मंगलवार देर रात सोलापुर की बार्शी तहसील में उनके पैतृक गांव पानगांव लाया गया और बुधवार सुबह अंतिम संस्कार किया गया। काले को कुछ महीने पहले ही जम्मू-कश्मीर में तैनात किया गया था। उनके परिवार में पत्नी, एक बेटा और एक बेटी है। राकांपा प्रमुख शरद पवार ने बुधवार को काले को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने ट्वीट किया, ‘‘पानगांव के सपूत सीआरपीएफ जवान सुनील काले जम्मू-कश्मीर में आतंकवादियों से लड़ते हुए शहीद हो गए।

बार्शी के लोगों ने सैन्य सम्मान के साथ बहादुर जवान को विदाई दी। बहादुर शहीद जवान सुनील काले को श्रद्धांजलि।” सुरक्षा बलों ने आतंकवादियों की मौजूदगी की खुफिया जानकारी मिलने के बाद दक्षिण कश्मीर के पुलवामा जिले के बुंडजू में मंगलवार की सुबह घेराबंदी कर तलाश अभियान शुरू किया। उन्होंने बताया कि इस दौरान आतंकवादियों ने सुरक्षा बलों पर गोलीबारी की, जिसके बाद बलों ने जवाबी कार्रवाई की और मुठभेड़ शुरू हो गई।