sharad Pawar and Nana Patole

    पुणे. महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नाना पटोले (Nana Patole) द्वारा पार्टी कार्यकर्ताओं से पुणे का प्रभारी मंत्री राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) नेता अजित पवार (Ajit Pawar) के स्थान पर ‘अपने आदमी’ को बनाने की कथित तौर पर बात करने के दो दिन बाद राकांपा प्रमुख शरद पवार (Sharad Pawar) ने रविवार को कहा कि वह ‘छोटे लोगो’ की बातों पर प्रतिक्रिया नहीं देते, अगर सोनिया गांधी कुछ कहती हैं तो वह बोलेंगे।

    पवार ने पटोले द्वारा शुक्रवार को लोनावला में पुणे जिला कांग्रेस कमेटी की हुई बैठक में कथित तौर पर की गई टिप्पणी के बारे में पूछे जाने पर यह प्रतिक्रिया दी।

    सूत्रों के मुताबिक, कुछ स्थानीय पार्टी पदाधिकारियों ने पटोले से शिकायत की थी कि पुणे जिले के प्रभारी मंत्री और राकांपा नेता अजित पवार उनकी मदद नहीं करते और कांग्रेस कार्यकर्ताओं को विभिन्न जिला समितियों में नियुक्त नहीं किया जा रहा है। पटोले ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं से कहा था, “पुणे का प्रभारी मंत्री कौन है? कोई बारामती का है। वह किसका काम कर रहे हैं, क्या वह हमारा काम कर रहे हैं? इस मुश्किल को अपनी ताकत बनाएं। मानसिक रूप से कमजोर नहीं हों। ऐसी ताकत प्राप्त करें, जिससे हमारा व्यक्ति वहां (प्रभारी मंत्री) नियुक्त हो जाए।”

    शरद पवार से जब पटोले द्वारा उनके भतीजे अजित पवार के बारे में की गई टिप्पणी के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा, “मैं ऐसे मामलों में नहीं पड़ना चाहता। वे छोटे लोग (कनिष्ठ)हैं। मैं उसके बारे में क्यों बोलूं। अगर (कांग्रेस अध्यक्ष) सोनिया गांधी कुछ बोलती हैं, तो मैं बोलूंगा।”

    पवार ने पटोले द्वारा भविष्य में कांग्रेस के अकेले चुनाव लड़ने को लेकर जताए जा रहे संकल्प को भी महत्व नहीं दिया। इस समय शिवसेना-कांग्रेस और राकांपा की महाराष्ट्र में गठबंधन सरकार है।

    पवार ने कहा, “प्रत्येक पार्टी का अधिकार है कि वह अपना जनाधार बढ़ाए, इसमें कुछ भी गलत नहीं है। शिवसेना ने वह रुख अपनाया, तो कांग्रेस ने भी वही किया। राकांपा ने भी वही रुख (पार्टी का आधार बढ़ाने का) अपनाया है।”

    उन्होंने कहा कि तीनों पार्टियां एकसाथ मिलकर सरकार चला रही हैं, लेकिन संगठन अलग-अलग है। (एजेंसी)