Mithi River, Sachin Vaze

    मुंबई. मनसुख हिरेन मौत मामले (Mansukh Hiren Death Case) में राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) (NIA) को आज अहम सुराग हाथ लगे है। रविवार को एनआईए ने महाराष्ट्र पुलिस (Maharashtra Police) से निलंबित पुलिस अधिकारी सचिन वाझे (Sachin Vaze) को जांच के सिलसिले में मुंबई के बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स में मीठी नदी (Mithi River) के पुल पर ले गई है। इस दौरान यहां कई हैरान करनेवाले सुराग हाथ लगे हैं। खबर के मुताबिक गोताखोरों ने नदी से गाडी की नंबर प्लेट सहित कई अन्य सामान बरामद किया है।

    एनआईए ने मुंबई के बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स में मीठी नदी से गोताखोरों की मदद से एक डिजिटल वीडियो रिकॉर्डर (डीवीआर), सीपीयू, एक लैपटॉप और दो नंबर प्लेट बरामद की है, जो मनसुख हिरेन मामले में जांच का हिस्सा है।

    गौरतलब है कि मुकेश अंबानी के घर के बाहर 25 फरवरी को जिलेटिन की छड़ों से भरी कार मिली थी। वहीं इसके बाद पांच मार्च को मनसुख हिरेन की लाश ठाणे के क्रीक स्थित एक नाले में मिली थी। पुलिस को हिरेन के मुँह में ठुसे पांच रुमाल भी मिले। एनआईए इन दोनों मामलों की जांच कर रही है।

    गोताखोरों की मदद से तलाशी के दौरान एनआईए ने नदी से राउटर, कंप्यूटर कार्ट्रिज और अन्य सामग्री बरामद की। डीवीआर को कथित रूप से ठाणे में हाउसिंग सोसाइटी से हटा दिया गया था, जहां वाझे रहता हैं। एनआईए की टीम दोपहर लगभग तीन बजे वाझे को बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स के मौके पर ले गई। 

    एक अधिकारी ने बताया कि, “एनआईए पेशेवर के साथ-साथ स्थानीय गोताखोरों की मदद ले रही है, जो मीठी नदी को अच्छी तरह से जानते हैं। इस मामले में और साक्ष्य बरामद किए जा सकते हैं।” यह संदेह है कि सहायक पुलिस निरीक्षक रियाजुद्दीन काजी ने एनआईए को पूछताछ के दौरान बताया था कि इन सबूतों को मीठी नदी में फेंक दिया गया था। वाजे के करीबी काजी से हाल में एनआईए ने कई बार पूछताछ की थी।

    बता दें कि 25 मार्च को विशेष एनआईए अदालत ने वाझे की तीन अप्रेल तक हिरासत बढ़ा दी थी।