औरंगाबाद वासियों का भविष्य प्रकाशमान करेगी राज्य सरकार: उद्धव ठाकरे

  • सबसे बड़ी पेयजल योजना का किया भूमिपूजन
  • CM ने मंच पर रखी शाही कुर्सी हटायी

औरंगाबाद. शिवसेना प्रमुख स्व. बाल ठाकरे (Shiv Sena Chief Bal Thackeray) का औरंगाबाद (Aurangabad) से काफी प्रेम था। औरंगाबाद वासियों ने भी हमेशा ठाकरे परिवार को काफी प्रेम दिया है। औरंगाबाद वासियों को पिछले कुछ सालों में विकास के लिए काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। परंतु राज्य में स्थापित वर्तमान सरकार जनता का भविष्य अंधेरे में नहीं रखना चाहती। हम जो कहेंगे वह करके रहेंगे। हम औरंगाबाद की जनता का भविष्य प्रकाशमान करेंगे रहेंगे। यह आश्वासन राज्य के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे (Chief Minister Uddhav Thackeray) ने शनिवार को यहां दिया।

महाराष्ट्र की सबसे बड़ी तथा औरंगाबाद वासियों के लिए बेहद जरूरी 1680 करोड़ रुपए की पेयजल योजना का भूमिपूजन मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे (Chief Minister Uddhav Thackeray) के हाथों शहर के गरवारे स्टेडियम में किया गया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने यह बात कही। अपने विचार में ठाकरे ने कहा कि चुनाव में मतदाता बड़ी आशा से मतदान करता है। हाल ही में संपन्न हुए स्नातक चुनाव में मतदाताओं ने बड़ी आशा से स्थानीय विधायक सतीश चव्हाण को विजय बनाया। मतदाताओं के प्रति सरकार का भी कर्तव्य होता है कि वह जनता को अधिक से अधिक बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराए। बल्कि, उनके प्रश्नों को हल करे।

इस कार्यक्रम में मंच पर पेयजल आपूर्ति मंत्री गुलाबराव पाटिल, नगर विकास मंत्री एकनाथ शिंदे, उद्योगमंत्री व जिले के पालकमंत्री सुभाष देसाई, रोगायो मंत्री संदिपान भुमरे, राज्यमंत्री अब्दुल सत्तार, विभागीय आयुक्त सुनील केन्द्रेकर, विधायक हरिभाउ बागडे, विधायक अतुल सावे, कलेक्टर सुनील चव्हाण, मनपा आयुक्त आस्तिक कुमार पांडेय उपस्थित थे। 

समृद्धि महामार्ग से होगा औरंगाबाद का विकास 

सीएम ठाकरे ने कहा कि मैंने हाल ही में विदर्भ व औरंगाबाद के ग्रामीण क्षेत्र में जारी समृद्धि महामार्ग का दौरा कर उसके काम का जायजा लिया। ठाकरे ने कहा कि समृद्धि महामार्ग से औरंगाबाद का बड़े पैमाने पर विकास होगा। क्योंकि, इस महामार्ग से कम समय में लोग मुंबई व नागपुर पहुंच सकेंगे। यह महामार्ग औरंगाबाद के विकास के पर्व में महत्वपूर्ण भूमिका अदा करेगा। ठाकरे ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि औरंगाबाद सहित मराठवाड़ा के विकास के लिए अधिक से अधिक उद्योग धंधे यहां लाए जाएं।

लाड नहीं मुझे आशीर्वाद चाहिए 

ठाकरे ने कहा कि मुझे जबरन लाडला मुख्यमंत्री कहना पसंद नहीं है। कोरोना काल में मैं घर पर रहकर सारा कामकाज चला रहा था। उस पर सवाल उठाए जा रहे थे कि सीएम ठाकरे घर बैठकर क्या कर रहे हैं? घर बैठकर मैंने बहुत सारे काम किए। इसमें औरंगाबाद की पेयजल योजना को गति देने के लिए प्रशासन स्तर पर भरपूर प्रयास किए। उसका फल यह हुआ कि आज राज्य की सबसे बड़ी पेयजल योजना का भूमिपूजन मेरे हाथों हुआ। 

हम रिश्तों को बनाए रखने वाले लोग 

ठाकरे ने कहा कि हम रिश्तों को बनाए रखने वाले लोग हैं। यह रिश्ते और अधिक कैसे मजबूत होंगे, इस पर मैं राज्य के मुखिया के नाते लक्ष्य केन्द्रित कर औरंगाबाद की उन्नति करना चाहता हूं। उसके लिए हमने पहले शहर की सड़कों के निर्माण के लिए बड़े पैमाने पर निधि दी। अब हम औरंगाबाद की पानी समस्या हल करके रहेंगे। मुख्यमंत्री ने औरंगाबाद वासियों को आश्वस्त किया कि वे जल्द ही यहां का गुंठेवारी का प्रश्न हल करेंगे। सिडको के मालिकाना हक का सालों से प्रलंबित प्रश्न भी हल किया जाएगा। हमारी सरकार सिर्फ घोषणा नहीं, काम करकें रहेंगी। यह आश्वासन भी सीएम ठाकरे ने दिया। 

योजना के काम का जायजा लेने कभी भी औचक दौरा करूंगा 

सीएम ठाकरे ने कहा कि आज हमने भूमिपूजन कर दिया, उसके बाद मैं शांत नहीं बैठूंगा। योजना का जिम्मा संभाल रही महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण को ठाकरे ने चेतावनी भरे में स्वर में  कहा कि इस योजना का काम समय पर पूरा होना चाहिए। उसके लिए मैं कभी योजना के काम का जायजा लेने औरंगाबाद का औचक दौरा करूंगा। मेरा प्रयास है कि जल्द से जल्द औरंगाबाद का विकास हो। मुख्यमंत्री ने विरोधी भाजपा का नाम लिए बिना कहा कि मनपा चुनाव को सामने रखकर योजना का भूमिपूजन करने का ढिंढोरा पीटा जा रहा है। चुनाव हैं तो क्या विकास कार्य नहीं करना चाहिए? यह सवाल ठाकरे ने उपस्थित कर कहा कि हम काम कर रहे हैं। इसलिए यहां की जनता इस सरकार पर प्रेम कर रही है। 

ठाकरे स्मारक से सामने आएंगे हिंदुत्ववादी प्रखर विचार 

सीएम उद्धव ठाकरे ने औरंगाबाद में निर्माण किए जा रहे बाल ठाकरे स्मारक पर खुशी जाहिर करते हुए कहा कि यहां की जनता बाल ठाकरे पर काफी प्रेम करती थी। बाल ठाकरे ने क्या दिया? यह जानकारी बाल ठाकरे स्मारक से आने वाली पीढ़ी को पता चलेगी। सिर्फ प्रतिमा रखने से क्या फायदा। ठाकरे स्मारक में प्रखर हिंदुत्ववादी विचार रहेंगे। हिंदुत्व यानी राष्ट्रीयत्व यह एहसास स्मारक का दौरा करने वाले हर पर्यटक को होगा। उसी तरह का निर्माण स्मारक का होगा। 

मंच पर रखी शाही कुर्सी हटायी, साधी कुर्सी पर बैठे उद्धव

पेयजल योजना का भूमिपुजन करने के बाद सीएम उद्धव ठाकरे जब मंच पर पहुंचे तब उनके लिए कार्यक्रम के आयोजकों द्वारा शाही कुर्सी रखी गयी थी। ठाकरे को जब उनकी कुर्सी अन्य मंत्रियों के लिए रखी कुर्सी से अलग लगी, तभी उन्होंने मंच पर उपस्थित अधिकारियों को  शाही कुर्सी हटाकर साधी कुर्सी रखने के आदेश दिए। सीएम के आदेश पर उनके लिए मंच पर रखी शाही कुर्सी हटाकर साधी कुर्सी रखी गयी।