buildings seal

    मुंबई. मुंबई (Mumbai) में कोरोना (Corona) का तेजी से हो रहे प्रसार के बीच कोरोना मरीजों (Corona Patients) की संख्या में भारी वृद्धि हो रही है। इसी के साथ मुंबई शहर में कंटेनमेंट जोन (Containment Zone) में भी काफी वृद्धि हुई है। एक महीने के भीतर मुंबई में प्रतिबंधित क्षेत्रों की संख्या में लगभग 4,000 की वृद्धि हुई है। इस प्रतिबंधित क्षेत्र में लगभग 12 लाख मुंबईकर (Mumbaikar) रहते हैं, जिन पर एक बार फिर कोरोना महामारी की आफत आन पड़ी है।

    मुंबई में पिछले साल मार्च महीने से कोरोना का फैलना शुरू हुआ था, लेकिन इस वर्ष जनवरी-फरवरी में कोरोना की व्यापकता में कुछ गिरावट आई थी। लेकिन अब इस वर्ष फरवरी से कोरोना मरीजों की संख्या फिर से बढ़ रही है।  पिछले दो दिनों में तीन हजार से अधिक कोरोना मरीजों  की रिपोर्ट दर्ज की गई है। जिन झोपडपट्टियों में कोरोना के मरीज पाए जा रहे हैं, उन्हें कंटेनमेंट जोन के रूप में सील (Seal) किया जा रहा है। इसी तरह, यदि कोई मरीज किसी बिल्डिंग में पाया जाता है, तो फ्लोर को सील कर दिया जाता है। बीएमसी नियम के अनुसार  यदि एक ही इमारत में पांच से अधिक मरीज पाए जाते हैं, तो पूरी इमारत को सील किया जा रहा है। इमारत, फ्लोर, झोपडपट्टी इलाके जिन्हें सील कर दिया गया है, उन्हें प्रतिबंधित क्षेत्र घोषित किया गया है। प्रतिबंधित क्षेत्रों में आवश्यक सेवाओं को छोड़कर सभी लेन-देन बंद हैं।

    316 इमारतें पूरी तरह से सील, 4921 फ्लोर  सील 

    मुंबई में चाल और झोपड़पट्टियों को मिला कर 20 फरवरी को 1398 प्रतिबंधित क्षेत्र थे जिसमें भारी वृद्धि देखी गई।  21 मार्च को प्रतिबंधित क्षेत्रों की कुल संख्या बढ़ कर 5,277 तक  पहुंच गई है। वर्तमान में 316 इमारतें पूरी तरह से सील हैं, जबकि 4921 फ्लोर  सील किए गए  हैं। चालों और झोपडपट्टियों को मिला कर कुल 40 कंटेनमेंट जोन घोषित किए गए हैं। जिन चाल और झोपडपट्टी इलाकों को सील किया गया है उनमें  61 हजार घरों में 2 लाख 59 लाख लोग रहते हैं।  316 पूर्ण सील की गई इमारतों में 22 हजार घरों में 79 हजार निवासी और 4921 सील की गई मंजिलों में 8 लाख 43 लाख निवासियों को मिला कर  कुल 2 लाख 97 हजार घरों में 11 लाख 81 हजार निवासी वर्तमान में प्रतिबंधित क्षेत्रों में रह रहे हैं।