Government's big decision amid rising corona virus case in England, now all adults will be screened twice in a week
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  • मरीज बढ़ने के साथ ही अस्पतालों में बढ़ी अफरातफरी

नागपुर. कोरोना के मरीजों की संख्या बढ़ने के साथ ही सरकारी और प्राइवेट दोनों अस्पतालों में मरीजों की तादाद भी बढ़ने लगी है. वहीं प्रशासन द्वारा सभी संदिग्ध मरीजों की कोरोना जांच भी अनिवार्य कर दी गई है. इससे टेस्टिंग बढ़ गई है. ऑपरेशन से संबंधित मरीजों का भी पहले कोरोना टेस्ट किया जा रहा है. लेकिन बिना लक्षण वालों की संख्या अधिक देखने को मिल रही है. अब कोविड-19 का फैलाव बढ़ने से जिले के अस्पतालों भर्ती होने वाले मरीज बढ़ गये हैं. यही वजह है कि अफरातफरी जैसी स्थिति बन गई है. जिन अस्पतालों में टेस्टिंग की सुविधा नहीं है, वहां नमूने लेकर जांच के लिए भेजे जा रहे हैं.

रिपोर्ट आने तक सामान्य तौर पर इलाज किया जा रहा है, लेकिन जैसे ही रिपोर्ट पॉजिटिव आ रही है, उसे अलग वार्ड में शिफ्ट किया जाने लगा है. जिन मरीजों के विविध बीमारियों से संबंधित ऑपरेशन नियोजित है, वे भी देरी से हो रहे हैं. पॉजिटिव मरीजों में अधिकांश बिना लक्षण वाले ही आ रहे हैं. जब तक अगली रिपोर्ट निगेटिव नहीं आ जाती तब तक ऑपरेशन भी नहीं किये जा रहे हैं. यह स्थिति प्राइवेट अस्पतालों में अधिक देखने को मिल रही है.

सप्ताहभर में ही नया रिकॉर्ड

पिछले 7 दिनों के भीतर जिले में कुल 15,043 पॉजिटिव मरीज मिले हैं. वहीं ठीक होकर जाने वाले मरीजों की संख्या 7,392 रही है. इसका मतलब साफ है कि फिलहाल जिले में पिछले वर्ष के सितंबर-अक्टूबर जैसी स्थिति नहीं बनी है. इसके बाद भी डॉक्टरों का मानना है कि सावधानी और सतर्कता आवश्यक है. स्थिति बिगड़ते देर नहीं लगती. सोशल डिस्टेंसिंग का पालन अनिवार्य है, लेकिन विविध टेस्टिंग सेंटर में जाने के बाद सोशल डिस्टेंसिंग नजर नहीं आ रही है. कहीं ऐेसा न हो कि सड़कों पर सन्नाटा छाया रहे और भीतरी तौर पर संक्रमण तेजी से फैलता रहा. 

ICU हो रहे फुल

जैसे-जैसे मरीजों की संख्या बढ़ रही, वैसे-वैसे मेडिकल, मेयो सहित प्राइवेट अस्पतालों में आईसीयू भी भरते जा रहे हैं. फिलहाल मेडिकल के कोविड अस्पताल में 280 से अधिक मरीज भर्ती हैं. वहीं आईसीयू में करीब 90 मरीजों का उपचार चल रहा है. इसी तरह मेयो में 290, एम्स में 60, लता मंगेशकर अस्पताल में 54, ऑरेंज सिटी अस्पताल में 48, वोक्हार्ट में 49, सेवन स्टार में 44, किग्सवे में 110, मेडिट्रिना में 55, कुणाल अस्पताल में 48, ओरियस में 57, आशा अस्पताल में 47 मरीज भर्ती हैं, जबकि मनपा द्वारा तैयार किये गये कोविड केयर सेंटर पाचपावली में 142 पॉजिटिव और वीएनआईटी में 59 मरीज भर्ती हैं. दोनों सीसीसी में उन मरीजों को रखा गया है, जिनकी हालत गंभीर नहीं है.