Santosh Ambekar

    नागपुर. लगभग 3 दशक से शहर में आपराधिक गतिविधियों में सक्रिय संतोष आंबेकर की हालत अब खस्ता होती जा रही है. पुलिस ने एक मामले में उसके खिलाफ चार्जशीट दायर की है. सोमवार को एसीपी सुधीर नंदनवार 1,863 पन्नों का आरोपपत्र लेकर न्याय मंदिर पहुंचे और मोका की विशेष अदालत में उसे दायर किया. आरोपियों में संतोष के अलावा उसके भांजे संती रोड, इतवारी निवासी नीलेश ज्ञानेश्वर केदार (34), शिवकृपा अपार्टमेंट, मनीषनगर निवासी प्रवीण अशोक महाजन (47) और आधारताल, जबलपुर निवासी नितेश पुरुषोत्तम माने (42) का समावेश है. वर्धमानगर निवासी विकास जैन की शिकायत पर पुलिस ने आंबेकर गैंग के खिलाफ मामला दर्ज किया था.

    जैन की वड़ोदा में 1.16 हेक्टेयर खेत जमीन थी. इस जमीन पर उन्हें अपना गोदाम बनाना था. तलाठी के पास गए तो पता चला कि जमीन की रजिस्ट्री नितेश माने के नाम पर हो चुकी है. उन्होंने दस्तावेजों की जांच की और पता चला कि आंबेकर और उसके साथियों ने अवैध तरीके से फर्जी दस्तावेजों के आधार पर उनकी जमीन हड़प ली है. जैन की शिकायत पर पुलिस ने 22 नवंबर 2019 को विविधि धाराओं के तहत मामला दर्ज किया. आरोपियों की गिरफ्तारी हुई.

    अब तक 6 बार लग चुका मोका

    एक साथ कई वारदातों में शामिल होने के कारण डीआईजी सुनील फुलारी ने बीते वर्ष सितंबर महीने में आरोपियों के खिलाफ मोका लगाने के आदेश दिए. 26 सितंबर 2020 को आरोपियों के खिलाफ मोका के तहत मामला दर्ज कर जांच एसीपी सुधीर नंदनवार को सौंपी गई. डीआईजी फुलारी और डीसीपी राजमाने के मार्गदर्शन में नंदनवार ने प्रकरण की जांच की और सोमवार को आरोपपत्र दायर किया. माना जा रहा है कि इस प्रकरण में आंबेकर को सजा हो जाएगी. अब उसके खिलाफ 6 बार मोका लग चुका है. 3 प्रकरण में उसे न्यायालय से राहत मिल गई. हालही में उसके खिलाफ 3 मामले दर्ज किए गए है. ये सभी मामले संवेदनशील है. इसके अलावा आंबेकर के खिलाफ रेप, फिरौती मांगने के भी मामले दर्ज हैं.