Nagpur Mayor Dayashankar Tiwari

    • 11 नए वैक्सीन सेंटर शुरू

    नागपुर. स्वास्थ्य सेवा अंतर्गत आनेवाले कर्मचारी और फ्रंटलाइन वर्कर्स को वैक्सीन दिया जा रहा है. केंद्र और राज्य सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुसार अब वरिष्ठ  नागरिक तथा 45 से 59 वर्ष की उम्र के विभिन्न बीमारियों से ग्रस्त लोगों को भी वैक्सीन देने की प्रक्रिया शुरू की गई. अधिक से अधिक लोगों को वैक्सीन का लाभ पहुंचाने के लिए अब 11 नए वैक्सीन सेंटर्स शुरू किए गए.

    यहां दी जा रही सेवा और सुविधाओं का जायजा लेने के बाद महापौर दयाशंकर तिवारी ने वैक्सीन देने के बाद संबंधित को प्रमाणपत्र देने के भी निर्देश प्रशासन को दिए. वैद्यकीय अधिकारी डॉ. विजय जोशी भी उपस्थित थे. 

    RT-PCR टेस्ट बढ़ाना जरूरी

    महापौर ने वैक्सीन सेंटर्स पर पेयजल, डिस्पोजल ग्लास, सैनिटाइजर, पंडाल और शौचालयों की व्यवस्था करने के भी निर्देश दिए. उन्होंने कहा कि कोरोना टेस्ट सेंटर्स पर आरटी-सीपीआर टेस्ट की संख्या बढ़ाना जरूरी है. अधिकारियों ने कहा कि नए वैक्सीन सेंटर्स पर सुबह 9 से शाम 5 बजे तक वैक्सीन दिया जा रहा है. कोम-आर्विड लोगों को डॉक्टरों द्वारा प्रमाणित प्रमाणपत्र प्रस्तुत करना आवश्यक है. सरकारी अस्पतालों में तो वैक्सीन नि:शुल्क दिया जा रहा है लेकिन निजी अस्पतालों में 250 रु. का शुल्क लिया जा रहा है.

    बुधवार को इंदौरा पीएचसी, कपीलनगर पीएचसी, पारडी पीएचसी, शांतिनगर पीएचसी, हंसापुरी आयुर्वेदिक अस्पताल, नंदनवन पीएचसी, बाबुलखेड़ा पीएचसी, मानेवाडा पीएचसी, खामला आयुर्वेदिक अस्पताल, प्रभाकरराव दटके महल रोग निदान केंद्र और सदर में आयुष अस्पताल में सेंटर्स शुरू किए गए हैं.

    वैक्सीन के लिए न आए पॉजिटिव मरीज

    वैक्सीन सेंटर्स पर कई कोरोना बाधित और उनके परिजन वैक्सीन लेने के लिए पहुंचने की सूचना महापौर को मिली. जिस पर उन्होंने कोरोना बाधित और उनके परिजनों को वैक्सीन सेंटर पर न आने की अपील की. उन्होंने कहा कि नियमों के अनुसार कोरोना बाधित को वैक्सीन नहीं दिया जा सकता है. इस तरह से सेंटर पर पहुंचने से वैक्सीन लेने आनेवाले लोगों को परेशानी हो सकती है. डॉक्टरों की सलाह के अनुसार इलाज कराने के बाद स्वस्थ होते ही वैक्सीन लेने की सलाह भी उन्होंने दी.