Tigress Cub Death

  • 17 मार्च को कैमरे में कैद हुई थी तस्वीर

उमरेड. उमरेड-पवनी-करहंडला वन्यजीव अभ्यारण्य क्षेत्र में गश्त के दौरान कक्ष क्रमांक 363 में फिर एक मृत शावक बाघ मिला. वन रेंजर करहंडला ने मृत शावक बाघ को देखा. उन्होंने बताया कि मृत बाघ को देखकर ऐसा लग रहा है कि शावक को किसी जंगली जानवरों ने खाया था. जिसकी पहचान वन विभाग के अधिकारियों ने टी-1 बाघिन के शावक के रूप में की है.

शावक को दो दिन पहले उसी क्षेत्र में कैमरा ट्रैप के माध्यम से देखा गया था. शावक की मां पिछले कुछ दिनों से नर बाघ टी-9 के साथ रह रही थी. विभाग का यह अनुमान है कि नर बाघ ने ही शावक को मारा होगा. मृत बाघ का अंतिम संस्कार राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण की मानक प्रक्रिया के अनुसार किया जाएगा. साथ ही आगे की कार्रवाई भी की जाएगी.

जारी था शावकों को खोजने का काम

उमरेड-पवनी-करहंडला वन्यजीव अभ्यारण्य के तहत करहंडला के समीप हलके नाके के पास टी-1 बाघिन के छह माह का शावक के मृत अवस्था में मिलने के बाद टी-1 बाघिन के अन्य दो शावकों को खोजने का काम चल रहा था. 17 मार्च को लापता दो शावकों में से एक छह माह का शावक कैमरे में नजर आया. लेकिन 20 मार्च को उसका मृत शेष ही वन विभाग के हाथ लगा.

कैमरों से की जा रही थी मॉनिटरिंग 

वन विभाग द्वारा लापता दो शावकों को खोजने के लिए 55 कैमरे जंगलों में लगाए गए थे. जिससे  लगातार वन विभाग के कर्मचारी मॉनिटरिंग कर रहे थे. लापता एक शावक को इसी कैमरे के माध्यम से ही ट्रेस किया गया था. जिसकी दो दिनों के बाद मौत हो गई. वहीं, टी-1 बाघिन और सूर्या बाघ साथ नजर आने से अंदेशा सूर्या बाघ पर जताई जा रही है. 

एक शावक अब भी लापता

टी-1 बाघिन को टी-7 बाघ से तीन शावक हुए थे. पहला शावक उमरेड-करहंडला वन्यजीव अभ्यारण्य में करहंडला वन्यजीव गेट समीप कंपार्टमेंट नंबर 1415 हलके नाले के पास 14 मार्च को सुबह पैर तथा जबड़ा सहित शावक मृत अवस्था में मिला. जबकि दूसरे शावक मृत अवस्था में 20 मार्च को मिला. जिसके शरीर पर जंगली जानवरों के हमले के निशान थे. अब एक अंतिम शावक की तलाश जारी है. वन विभाग को उम्मीद है कि वे तीसरे शावक को जिंदा खोज लेंगे.