नागपुर में कोरोना से मरनेवालों की संख्या 2000 के करीब पहुंची

  • बढ़ने लगा रिकवरी रेट

नागपुर. मार्च से शुरू हुआ कोरोना का प्रकोप अब तक जारी है. शुरूआत से ही जिले में ठीक होने वालों की संख्या अधिक रही है. हर दिन 1000 से ज्यादा ही मरीज ठीक होकर घर जा रहे हैं. इस वजह से रिकवरी रेट भी 79.88 फीसदी तक पहुंच चुका है. लेकिन मरने वालों की संख्या पर नियंत्रण नहीं होने से प्रशासन के लिए अब भी चिंता का विषय बना हुआ है. इस बीच शनिवार को 52 लोगों की मौत के साथ ही आंकडा 1992 पर पहुंच गया है.

तमाम तरह के उपाय योजना के बाद भी मरीजों की संख्या बढ़ने के साथ ही मरने वालों का भी आंकड़ा बढ़ता जा रहा है. अब यह देखने में आ रहा है कि जिन मरीजों की मौत हो रही है, वे अस्पताल में देरी से पहुंच रहे है. पहले से ही तबीयत खराब होने के बाद विशेषज डाक्टरों का परामर्श नहीं ले रहे हैं. जब आक्सिजन लेवल कम होने लगता है और तबीयत गंभीर हो जाती है, तब कहीं जाकर परिजन अस्पताल में भर्ती करा रहे हैं. यही वजह है कि मरीजों को रिकवर करना डाक्टरों के लिए भी मुश्किल हो रहा है.

शुरूआती लक्षण में ही कराए टेस्ट
शनिवार को 1629 लोगों में संक्रमण की पुष्टि हुई. इसके साथ ही अब तक जिले में कुल पाजिटिव मरीजों की संख्या 62531 तक पहुंच गई है. जबकि 1550 मरीजों को छुट्टी भी दी गई. अब तक 49946 मरीज ठीक होकर घर जा चुके हैं. फिलहाल जिले में 10593 एक्टिव केस है. शनिवार को कुल 6854 टेस्ट किये गये. इनमें 3515 एंटिजेन टेस्ट का समावेश रहा.

डाक्टरों का कहना है कि बीमारी तेजी से फैल रही है. इस हालत में शुरूआती दौर में ही टेस्ट करना बेहतर होगा. केवल कोविड ही नहीं बल्कि अन्य टेस्ट भी अनिवार्य है. इससे भी रक्त में विविध घटकों की कमी का पता चल जाता है. कोरोना में फेफडों में कफ काफी मात्रा में जमा होता है. अब बार स्थिति बिगड़ी तो फिर उसे रिकवर करने में परेशानी होती है.

सिटी में अब तक स्थिति

62531 कुल संक्रमित

1992 की मौत

49946 को छुट्टी

1629 शनिवार को पॉजिटिव