Tekadi Flyover, nagpur

नागपुर. पश्चिम व पूर्व नागपुर को जोड़ने वाले रामझूला के निर्माण के समय ही केन्द्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने स्टेशन के समीप जय स्तंभ चौक पर ट्राफिक की आपाधापी पर नियंत्रण कर सुचारू करने के लिए टेकड़ी फ्लाईओवर को तोड़ने के लिए मनपा प्रशासन को निर्देश दिया था. आज तक मनपा द्वारा इस फ्लाईओवर को तोड़ने की कार्यवाही शुरू नहीं की गई है. दरअसल, टेकड़ी फ्लाईओवर के नीचे स्थित दूकानदारों के निवेदन पर पहले उन्हें दूसरी जगह काम्पलेक्स बनाकर शिफ्ट किया जाना है और फिर टेकड़ी को तोड़ना है. लेकिन अब तक मनपा दूकानदारों को शिफ्ट करने में फेल रही है.

गडकरी ने टेकड़ी फ्लाईओवर को तोड़कर जयस्तंभ चौक पर ट्राफिक को सुचारू करने की योजना के लिए महामेट्रो को जिम्मेदारी दी. महामेट्रो के एक अधिकारी ने बताया कि मनपा टेकड़ी फ्लाईओवर के दूकानदारों को स्थलांतरित नहीं कर पायी इसलिए यह योजना आगे नहीं बढ़ाई जा सकती. मनपा इस कार्य में फेल हो गई है. वहीं मनपा के एक जिम्मेदारी अधिकारी ने तो इस लेटलतीफी के लिए कोरोना का बहाना बना दिया. अधिकारी से बात करने पर उन्होंने कहा कि मार्च महीने से ही कोरोना के कारण यह कार्य नहीं किया जा सका.

गडकरी की भी सुनवाई नहीं
सिटी ही नहीं पूरे देश-दुनिया में अपने कमिटमेंट व कार्य के लिए पहचाने जाने वाले केन्द्रीय मंत्री की लगता है अपनी ही सिटी में सुनवाई नहीं है. वरना उनके निर्देश पर मनपा के अधिकारियों कि इतनी हिम्मत नहीं होती कि वे उनकी योजनाओं को इतने लंबे लटका सकें. आश्चर्य की बात तो यह भी है कि मनपा की सत्ता में भाजपा बैठी हुई है. पदाधिकारी भी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं. टेकड़ी फ्लाईओवर के कारण रेलवे स्टेशन के सामने बिल्कुल संकरी सड़क ही बची हुई है. उस सड़क पर भी बारहों महीने गडर का गंदा काला पानी बहता रहता है. एक लाइन आटोवालों की लगी रहती है जिससे यह रोड और संकरी हो जाती है.  रोड के किनारे दूकान सजाकर कुछ विक्रेता बैठ जाते हैं जिससे अफरतफरी का माहौल हमेशा ही बना रहता है. 

232 करोड़ हैं मंजूर
बताते चलें कि टेकड़ी फ्लाईओवर को तोड़कर स्टेशन के सामने सिक्स लेन की सीमेंट रोड बनाने की योजना मंजूर है. इसके लिए गडकरी ने सेंट्रल होड्स फंड से 232 करोड़ रुये की निधि मंजूर की है. जिसमें फ्लाईओवर को तोड़ने और सिक्स लेन निर्माण का समावेश है. टेकड़ी को तोड़ने के बाद पहले वहां फोन-लेन सीमेंट रोड बनेगा और जब डिफेंस की ओर से लगी हुई जमीन अलाट हो जाएगी तब और टू-लेन का निर्माण किया जाना है. मनपा के अधिकारी का कहना है कि महामेट्रो ही वहां के दूकानदारों के लिए 70 दूकानें बनाएगी लेकिन कोरोना के चलते फिलहाल कार्य में देरी हो रही है.