Image: satpuratigerreserveofficial/Instagram
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    • भोपाल के वन विहार में चल रहा इलाज

    नागपुर. पेंच नेशनल पार्क का बाघ बुरी तरह घायल हो गया. उसका इलाज भोपाल के वन विहार में चल रहा है. वन अधिकारियों की मानें तो आपसी लड़ाई में वह बुरी तरह जख्मी हो गया. उसे 3 दिन रेस्क्यू करने के बाद भोपाल में इलाज के लिए भेजा गया है. पेंच नेशनल पार्क बाघों की सर्वाधिक संख्या की वजह से विख्यात है लेकिन यहां उनकी मौत भी लगातार हो रही है.

    वहीं बाघों के बीच संघर्ष भी बढ़ गया है जिससे कई बाघ काल के गाल में समा जा रहे हैं तो कई गंभीर रूप से घायल हो रहे हैं. संघर्ष में बुरी तरह से घायल बाघ को अब वन विहार भोपाल इलाज के लिए भेजा गया है. मामला खवासा परिक्षेत्र के अंतर्गत बाज रिसोर्ट, ग्राम आवरघानी के समीप का है. बताया जा रहा है कि 9-10 जुलाई को देर शाम बाघ के घायल होने की सूचना प्राप्त हुई.

    वह घायल है एवं गर्दन झुकाकर चल रहा है जिसके बाद विभाग ने तत्काल घायल बाघ को खोजने हाथियों से टीम को रवाना किया. 10 एवं 11 जुलाई को हाथियों, पैदल अधिकारियों एवं स्टाफ द्वारा बाज रिसोर्ट स्थल पर ढूंढा गया एवं आसपास के वनक्षेत्र में भी उसे ढूंढा गया लेकिन घायल बाघ नहीं मिला. 12 जुलाई को उसे ढूंढ निकाला गया. 

     खोजने में लगे 3 दिन 

    सूचना के बाद तत्काल हाथियों के दल को 10 जुलाई की सुबह स्थल पर रवाना किया गया. टीम ने काफी खोजबीन की लेकिन घायल बाघ का 2 दिनों तक कुछ पता नहीं चला. उसे खोजने में विभाग को 3 दिन लग गए. जांच करने पर बाघ काफी जख्मी नजर आया. उसे बेहोश कर प्राथमिक उपचार किया गया.

    गर्दन के पास मिले 13 घाव 

    बाघ को जब विभाग ने रेस्क्यू किया तब तक वह काफी कमजोर हो चुका था. उसकी गर्दन के पास 13 घाव हैं. कंधे एवं पुट्ठे पर भी घाव मिले हैं. हालांकि अब उसका इलाज शुरू हो गया है. यह बाघ टी-11 है जिसकी उम्र करीब 17 साल है. विभागीय अधिकारियों ने आशंका व्यक्त की है कि वह किसी अन्य बाघ से लड़ाई में घायल हुआ है. उसका इलाज एक्सपर्ट डॉक्टरों की टीम कर रही है. 

    फोटो का मिलान कर पहचाना

    बाघ की फोटो का पेंच टाइगर रिजर्व के रिकॉर्ड में उपलब्ध फोटोज से मिलान करने पर उसकी जानकारी मिल सकी. बाघ टी 11 (रैयाकस्सा बाघ) नर बाघ है. इसकी उम्र लगभग 17 वर्ष है. माह जून 2018 में भी इसे अलीकट्टा के पास किसी बाघ की लड़ाई से घायल होने पर इलाज कर बचाया गया था.