Preity's bank accounts started to be investigated, police custody extended till 20

नागपुर. लोगों के साथ ठगी कर हाईप्रोफाइल ठग प्रीति दास ने काफी माया जमा की, लेकिन कोई रकम उसके पास नहीं मिली है. पुलिस अब उसके बैंक खातों की जांच कर रही है. बताया जाता है कि प्रीति ने नकद राशी अपने साथियों के पास रखी थी. इसीलिए अब उसके साथियों की जांच भी पुलिस कर रही है. पांचपावली थाने में दर्ज ब्लैकमेलिंग कर वसूली करने के मामले में पुलिस हिरासत खत्म होने के बाद प्रीति को दोबारा न्यायालय में पेश किया गया. अदालत ने उसकी पुलिस हिरासत 20 जून तक बढ़ा दी है.

प्रीति ने उमेश तिवारी को ब्लैकमेल करके 12 लाख रुपये नकद, दुपहिया वाहन, मोबाइल, आदि सामान लिया था. पुलिस रकम के बारे में पुलिस से पूछताछ कर रही है, लेकिन वह जांच में सहयोग नहीं कर रही है. इसी वजह से पुलिस ने न्यायालय से रिमांड बढ़ाने की अपील की. अदालत ने उसे 4 दिन की हिरासत में रखने के आदेश दिए. इसी बीच जानकारी मिली है कि प्रीति ने अपने करीबी लोगों के खातों में रकम जमा करवाई है. पुलिस अब उन लोगों का पता लगा रही है. उनके भी घर और खातों की जांच पुलिस करने वाली है.

कुछ महीने पहले प्रीति ने एक युवती को नौकरी दिलाने का झांसा दिया था. उससे 1.50 लाख रुपये लिए थे. पहले तो प्रीति के डर से युवती ने शिकायत दर्ज नहीं करवाई, लेकिन अब कई मामले दर्ज होने के बाद वह शिकायत करने वाली है. जल्द ही प्रीति के खिलाफ एक और मामला दर्ज होगा. मामला दर्ज होने की खबर मिलते ही प्रीति फरार हो गई थी. बताया जाता है कि उत्तर नागपुर के 2 नेताओं ने उसकी मदद की थी. फरार रहते हुए इन नेताओं ने ही उसे शरण दी थी. पुलिस उनकी भी जांच करने वाली है.