Tax Committee's stick on property holders, instructions to distribute demand by July

नागपुर. कोरोना के चलते उद्योग, व्यापार और लोगों की नौकरी पर भले ही कुटाराघात हुआ हो, लेकिन इसी त्रास्दी के बीच अब दुबले पर दो-आषाढ़ की कहावत चरितार्थ करते हुए लोगों से सम्पत्ति कर वसूल करने के उद्देश्य से कर संकलन समिति की ओर से सम्पत्तिधारकों को जुलाई तक टैक्स के डिमांड वितरित करने के निर्देश सभापति महेन्द्र धनविजय ने दिए. मनपा मुख्यालय में कर संकलन समिति की बैठक हुई. जिसमें उपसभापति सुनील अग्रवाल, रेखा साकोरे, शिल्पा धोटे, इब्राहिम तौफीक अहमद, प्रभारी आयुक्त मिलिंद मेश्राम उपस्थित थे. धनविजय ने कहा कि न केवल डिमांड बांटे जाए, बल्की डिमांड मिलने की फोटो और संबंधित सम्पत्ति धारकों का मोबाईल नंबर भी अपडेट किया जाए. 

प्रशासन ने जारी नहीं किया डिमांड
चर्चा के दौरान बताया गया कि इस वित्तिय वर्ष में 5,59,421 डिमांड जनरेट किए गए. सभी डिमांड संबंधित जोन को भेजे गए. वितरण के संदर्भ में जोनल स्तर पर कार्यवाही की जा रही है. इसके अलावा 6,35,021 सम्पत्तियों की जीआईएस मैपिंग कर डाटा संकलित किया गया. लेकिन अबतक एक भी डिमांड जारी नहीं किया गया है. जिसे गंभीरता से लेते हुए सभापति धनविजय ने इसे प्राथमिकता देकर जुलाई तक सभी डिमांड का वितरण करने तथा वितरित किए गए डिमांड की रिपोर्ट एक सप्ताह के भीतर समिति के समक्ष रखने के निर्देश भी दिए. 

अक्टूबर से सक्ती से करें वसूली
सभापति धनविजय ने कहा कि वितरित किए गए डिमांड पर लोगों की ओर से आपत्तियां जताई जाती है. इन आपत्तियों का निराकरण करने के लिए सितंबर और जनवरी 2021 में समाधान शिविर का आयोजन किया जाना चाहिए. समाधान शिविर में प्राप्त आपत्तियों पर एक माह के भीतर ही निर्णय भी लिए जाने चाहिए. अधिक से अधिक सम्पत्तिधारक कर अदा कर सके, इसके लिए सितंबर और दिसंबर माह में कर संकलन शिविर का आयोजन भी किया जाना चाहिए.

इन तमाम प्रयासों के बावजूद कर अदा नहीं करनेवालों के खिलाफ अक्टूबर 2020 से सक्ती से वसूली, जब्ती और नीलामी की प्रक्रिया संबंधित वरिष्ठ अधिकारियों की देखरेख में करने के कड़े निर्देश भी प्रशासन को दिए गए. यहां तक कि जब्ती और नीलामी के संबंधी की गई कार्रवाई की रिपोर्ट भी एक माह के भीतर समिति को प्रेषित करने के निर्देश दिए गए.