शराबी पिता से तंग घर से भागा लड़का

पुलिस की सतर्कता से पहुंचा घर

नाशिक. पिता द्वारा मारने के बाद 14 वर्ष का लड़का घर से भाग निकला. वह वावी पुलिस को नांदुरशिंगोटे में मिला. पुलिस ने सतर्कता दिखाते हुए उसे सातपुर में रहने वाली दादी के घर पहुंचाया. घर से भागे लड़के का नाम विजय राजू जगताप है. वह अंबड औद्योगिक वसाहत परिसर में अपने पिता के साथ रहता है. बचपन में ही उसकी मां की मौत हो गई थी. पिता औद्योगिक वसाहत स्थित एक कंपनी में काम करते हैं. उन्हें शराब की लत है.

नशे में धुत होकर की पिटाई

शराब के नशे में उन्होंने विजय की पिटाई कर दी. इससे क्रोधित होकर विजय घर से भाग गया. रास्ते से मिले वाहनों से विजय नाशिकरोड, सिन्नर पहुंचा. रात में वह नांदुरशिंगोटे पहुंचा. भूख से परेशान विजय गांव में घूम रहा था. इस दरमियान सरपंच गोपाल शेलके ने उससे पूछताछ की, लेकिन उसने जानकारी नहीं दी. इसके बाद शेलके ने उसे पेट भर खाना खिलाया. इसके बाद नांदुरशिंगोटे पुलिस पोस्ट पहुंचकर पुलिस उप निरीक्षक विकास काले  को विजय के बारे में जानकारी दी. काले ने विजय को विश्वास में लेते हुए पूछताछ की. इसके बाद उसने अपने बारे में जानकारी दी. काले ने इसकी जानकारी सहायक पुलिस निरीक्षक रणजीत गलांडे को दी. इसके बाद दोनों ने विजय के रिश्तेदारों से संपर्क करना शुरू किया.

पुलिस ने दादी से किया संपर्क

इस दरमियान विजय की दादी से संपर्क होने के बाद विजय के बारे में जानकारी दी. दादी ने विजय को किसी वाहन में बैठा कर भेजने के लिए कहा, लेकिन पुलिस इसके लिए तैयार नहीं थी. इसके बाद पुलिस कर्मियों ने पुलिस अधीक्षक आरती सिंह से संपर्क किया. उन्होंने विजय को घर तक छोड़ने के आदेश दिए. रात 11 बजे विजय को लेकर हवलदार सुधाकर चव्हाणके, भास्कर कुरवाडे, चालक मधुकर चव्हाण आदि ने उसे घर छोड़ने के लिए निकले. रात 1 बजे उसे सातपुर स्थित घर छोड़ा.