गुरु पूर्णिमा उत्सव पर मंडरा रहा है खतरा

सीएम ने नहीं की मंदिर खोलने की बात

त्र्यंबकेश्वरवासियों की बढ़ी चिंता

त्र्यंबकेश्वर. त्र्यंबकेश्वर मंदिर बंद हुए 30 जून को 105 दिन पूरे होने वाले हैं. ऐसे में मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने रविवार को नागरिकों से किए गए संवाद में मंदिर खोलने पर कोई बात नहीं की. इसके चलते त्र्यंबकेश्वरवासी परेशान हो गए हैं. त्र्यंबकेश्वर की आबादी 15 हजार है. इसमें से 11 हजार नागरिकों का जनजीवन यात्री और पर्यटकों पर निर्भर है. लगभग सभी जमा रकम अब खत्म हो गई है. पिछले साल अधिक बारिश से यात्री और पर्यटकों की संख्या भी कम रही. इस साल कोरोना के लॉक डाउन से सभी तीर्थ क्षेत्र बंद हैं.

एक-दूसरे से नहीं मिल पाएंगे गुरु-शिष्य

मंदिरों पर निर्भर होने वाले लोग आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं. इसलिए मंदिरों को खोलना अब आवश्यक है. पिछले तीन माह से मठ, आश्रम और आखाडे बंद के बराबर हैं. हर साल गुरु पूर्णिमा को यहां पर भीड़ होती है. परंतु कोरोना के चलते इस बार 5 जुलाई को होने वाली गुरु पूर्णिमा पर संकट के बादल मंडरा रहे है. कुलमिलाकर गुर-शिष्य एक-दूसरे से नहीं मिल पाएंगे.