प्रभाग समिति सभा में अधिकारियों पर भड़के सदस्य

  • अतिक्रमण और स्वास्थ्य को लेकर बुलंद की आवाज

सातपुर. सातपुर प्रभाग समिति की मासिक सभा सभापति रविंद्र धिवरे की अध्यक्षता में हुई। सभा की शुरुआत में मृतकों को श्रद्धांजलि दी गई। इस समय योगेश शेवरे, दीक्षा लोंढे, रेखा बेंडकुली, विजय भंदुरे, दशरथ लोंखडे, इंदुबाई नागरे, नयना गांगुर्डे, विभागीय अधिकारी नितीन नेर, निर्माण विभाग के संजय पाटिल, विद्युत विभाग के शाम वाईकर आदि उपस्थित थे।

सभा में कामकाज की शुरुआत में ही नगरसेवकों ने अतिक्रमण और स्वास्थ्य को लेकर अपनी आवाज बुलंद करते हुए अधिकारियों को खरी-खोटी सुनाते हुए सख्त कार्रवाई करने की मांग की। नगरसेवक भागवत आरोटे ने प्रभाग-26 में खुलेआम मांस बिक्री से नागरिकों के स्वास्थ्य पर बुरा असर पड़ने की बात कर तुरंत कार्रवाई करने की मांग की। योगेश शेवरे ने लावारिस कुत्ते, प्रभाग में 40 में सफाई कर्मी ज्यादा होने के बाद भी जगह-जगह पर कूड़े के ढेर, मच्छर आदि को लेकर शिकायत करते हुए सभा में हाजिर न होने वाले चिकित्सा अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की।

नगरसेविका दीक्षा लोंढे ने प्रभाग के सुलभ शौचालय बंद होने का मुद्दा उठाते हुए प्रभाग में शुरू सुलभ शौचालय का काम जल्द से जल्द पूरा करने की मांग की। स्वीकृत सदस्य विजय भंदुरे ने सातपुर के मेनरोड पर बैठने वाले सब्जी विक्रेता को हटाकर ईएसआई अस्पताल के पीछे उनकी व्यवस्था करने, नए सिरे से मटन-मच्छी मार्केट बनाने की मांग की। सभी नगरसेवकों की शिकायतों पर सभापति रविंद्र धिवरे ने संबंधित मुद्दों पर तुरंत कार्रवाई करने के आदेश प्रशासन अधिकारियों को दिए।

11 नगरसेवक सभा से नदारद

अपने प्रभाग की समस्याओं को हल करने के लिए प्रभाग समिति की मासिक सभा का आयोजन किया जाता है। परंतु पिछले कुछ माह से नगरसेवक सभा को नजरअंदाज कर रहे हैं। हाल ही में हुई सभा में दिनकर पाटिल, शशिकांत जाधव, विलास शिंदे, सलीम शेख, संतोष गायकवाड़, मधुकर जाधव, पल्लवी पाटिल, सीमा निगल, माधुरी बोरकर, हेमलता कांडेकर आदि नगरसेवक उपस्थित नहीं थे। वह इस तरह मासिक सभा से नदारद रहेंगे तो प्रभाग की समस्या कैसे हल कर पाएंगे। ऐसा सवाल अब खड़ा हो गया है।