रेमडेसिविर इंजेक्शन के वितरण में आई पारदर्शिता

  • उड़नदस्ते को हर मेडिकल स्टोर पर दिखाई दी उपलब्ध दवा की सूची
  • जिलाधिकारी सूरज मांढरे ने दी जानकारी

नाशिक. रेमडेसिविर इंजेक्शन की कमी, मरीजों की परेशानी तथा उपलब्धता को लेकर पारदर्शिता निर्माण हो, इसलिए जिला प्रशासन ने उड़नदस्तों का चयन करने के बाद हर एक मेडिकल दुकान में रेमडेसिविर इंजेक्शन की उपलब्धता और कीमत के फलक दिखाई दे रहे हैं. अब मरीज और रिश्तेदारों को जानकारी उपलब्ध होने से कामकाज में पारदर्शिता के साथ वितरण में भी फरक दिखाई दे रहा है. यह जानकारी जिलाधिकारी सूरज मांढरे ने दी. वे जिला सूचना कार्यालय में आयोजित बैठक को संबोधित कर रहे थे.

मांढरे ने आगे कहा कि जिले में बड़े तौर पर रेमडेसिविर की कमी और सौदेबाजी होने की जानकारी मीडिया के माध्यम से सामने आई. इस पार्श्वभूमि पर अनाज व औषधि प्रशासन की सह आयुक्त माधुरी पवार की घटना व्यवस्थापक के रूप में नियुक्ति कर उन्हें उड़नदस्ते के लिए मनुष्यबल व वाहन उपलब्ध कराया गया. इसके बाद अस्पताल और मेडिकल दुकानों में उपलब्ध रेमडेसिविर इंजेक्शन और कीमत के बारे में फलक लगाने के लिए कहा गया. आज की स्थिति में उड़नदस्ते हर एक अस्पताल और मेडिकल स्टोरों का दौरा कर जांच कर रहे हैं. इसके चलते जिले के मरीजों को पर्याप्त रेमडेसिविर इंजेक्शन मिल रहा है. साथ ही इस बारे में होने वाली शिकायतें भी कम हुई हैं.

भंडारण व कालाबाजारी करने वालों पर होगी कार्रवाई

 जिले में कोरोना नियंत्रण के उपाय योजना में दवाई की आपूर्ति और ऑक्सीजन को लेकर लापरवाही न करें. भंडारण और कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ मामला दर्ज किया जाएगा. अधिक से अधिक कोविड अस्पतालों को रेमडेसिविर इंजेक्शन उपलब्ध कराने के लिए कोविड अस्पताल से संलग्न कुल 50 मेडिकल स्टोरों में 2 हजार 368 रेमडेसिविर इंजेक्शन उपलब्ध कराया गया है.

साथ ही और इंजेक्शन उपलब्ध हुए हैं.  मरीजों को रेमडेसिविर इंजेक्शन की आवश्यकता होने पर वह वोक्हार्ट अस्पताल, अपोलो अस्पताल, अशोका अस्पताल के मेडिकल दुकान से संपर्क करें. रेमडेसिविर इंजेक्शन की कालाबाजारी होने पर नागरिकों से अनाज व औषधि प्रशासन की हेल्पलाइन क्रमांक 9766811279 व 8780186682 पर शिकायत करने की अपील मांढरे ने की है.