The court told the ED - Do not arrest Shivshankar till 23 October

कोच्चि. केरल सोना तस्करी मामले में सीमा शुल्क विभाग ने मंगलवार को भारतीय प्रशासनिक सेवा के निलंबित अधिकारी शिवशंकर को औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया। सूत्रों ने बताया कि विशेष पीएमएलए अदालत द्वारा न्यायिक हिरासत में मौजूद शिवशंकर को गिरफ्तार करने की अनुमति दिए जाने के एक दिन बाद सीमा शुल्क (निवारक) आयुक्तालय के कर्मी आज सुबह जेल पहुंचे और निलंबित अधिकारी को गिरफ्तार किया।

शिवशंकर मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के पूर्व प्रधान सचिव थे और मौजूदा समय में जेल में हैं। उन्हें सोना तस्करी की जांच के दौरान प्रवर्तन निदेशालय ने गिरफ्तार किया था। शिवशंकर की गिरफ्तारी के तुरंत बाद सीमा शुल्क विभाग ने एर्णाकुलम के अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी (आर्थिक अपराध) की अदालत में अर्जी दायर कर पूर्व प्रशासनिक अधिकारी को उसकी हिरासत में देने का अनुरोध किया।

अदालत में सीमा शुल्क विभाग द्वारा शिवशंकर का हिरासत लेने के लिए दायर आवेदन में दावा किया गया है कि वह सोना तस्करी मामले में आरोपी हैं और मामले की मुख्य आरोपी स्वपना सुरेश ने खुलासा किया है कि शिवशंकर को इसकी जानकारी थी और तस्करी की गतिविधियों के लिए वह उकसाते थे।

सीमा शुल्क विभाग ने दावा किया कि 18 नवंबर को तिरुवंनतपुरम की अट्टाक्कुलांगरा वनिता जेल में पूछताछ के दौरान सुरेश ने यह खुलासा किया। सीमा शुल्क विभाग ने 10 दिनों की हिरासत देने का अनुरोध करते हुए दाखिल हलफनामें कहा कि इस बात की जांच की जानी है कि भारत में बड़ी मात्रा में तस्करी कर सोना लाने में और लोग तो शामिल नहीं है क्योंकि इससे देश की अर्थव्यवस्था और राष्टीय सुरक्षा को खतरा है।

उल्लेखनीय है कि सोमवार को सीमा शुल्क विभाग ने विशेष पीएमएलए अदालत से शिवशंकर की गिरफ्तारी की अनुमति देने का अनुरोध करते हुए कहा था कि अधिकारी के सोना तस्करी के अपराध में सीधे तौर पर शामिल होने के सुबूत के तौर पर उसके पास दस्तावेज हैं। (एजेंसी)