Farmers' protest continues, Rakesh Tikait said- ready for talks with the government, but talks will be on taking back agricultural laws
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    कोलकाता/नंदीग्राम (पश्चिम बंगाल). संयुक्त किसान मोर्चा (United Kisan Morcha) के आह्वान पर किसानों (Farmers) ने शनिवार को कोलकाता (Kolkata) और नंदीग्राम (Nandigram) में महापंचायतों (Mahapanchayat) को आयोजन किया और लोगों से पश्चिम बंगाल (West Bengal) में आगामी विधानसभा चुनाव (Assembly Election) में भाजपा (BJP) को वोट (Vote) नहीं देने का आग्रह किया। नंदीग्राम से मुख्यमंत्री ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) चुनाव लड़ रही है। किसान नेता और भारतीय किसान यूनियन के प्रमुख राकेश टिकैत महापंचायत में शामिल होने के लिए दिन में राज्य पहुंचे।

    तृणमूल कांग्रेस की सांसद डोला सेन ने हवाई अड्डे पर टिकैत की अगवानी की। इसके बाद टिकैत ने शहर में और पूर्वी मेदिनीपुर जिले के नंदीग्राम में सामाजिक कार्यकर्ता मेधा पाटकर के साथ किसानों को संबोधित किया। टिकैत ने आरोप लगाया कि केंद्र में भाजपा की अगुवाई वाली सरकार किसानों और उनके आंदोलन की रीढ़ तोड़ने पर आमादा है। उन्होंने कहा कि यह “जन-विरोधी” सरकार है।

    उन्होंने कहा, “भाजपा को वोट मत देना। अगर उन्हें वोट दिया गया तो वे आपकी जमीन बड़े कॉर्पोरेट्स और उद्योगों को दे देंगे और आपको भूमिहीन बना देंगे। वे आपकी आजीविका दांव पर लगाकर देश के बड़े उद्योगपति समूहों को जमीन सौंप देंगे और आपको खतरे में डाल देंगे।”

    टिकैत ने भाजपा को “धोखेबाजों की पार्टी” कहते हुए कहा, “हम भाजपा का विरोध करने वालों और किसानों तथा गरीबों के साथ खड़े होने वालों के पाले में रहेंगे।”

    उन्होंने स्पष्ट किया कि बंगाल में किसान महापंचायत का मतलब राज्य में किसी विशेष गैर-भाजपा पार्टी को समर्थन देना नहीं है। उन्होंने कहा, “मैं यहां किसी विशेष पार्टी के लिए वोट मांगने के लिए नहीं आया हूं। हम यहां बंगाल में किसानों की ओर से भाजपा के खिलाफ लड़ाई शुरू करने के लिए अपील कर रहे हैं।”

    नंदीग्राम की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि किसानों के आंदोलन की यह भूमि केन्द्र के नये कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलन को एक नई दिशा देगी। दिल्ली की सीमाओं पर जारी आंदोलन पर उन्होंने कहा कि आंदोलनकारी लंबे समय तक अपना आंदोलन जारी रखने के लिए तैयार हैं क्योंकि उनका उनका मनोबल ऊंचा है। (एजेंसी)