टैक्स अभय योजना के प्रभावी कार्यान्वयन के लिए अतिरिक्त कर्मी

  • 61 क्लर्कों को कोविड काम से मुक्त कर दिया गया 

पुणे. स्थायी समिति ने टैक्स वसूली के लिए अभय योजना लागू की है. इस पर प्रभावी तरीके से अमल हो, इसके लिए टैक्स विभाग को अतिरिक्त कर्मी मुहैया कर दिए है. करीब 61 कर्मियों को कोविड काम से मुक्त कर उन्हें टैक्स विभाग में काम करने के लिए कहा गया है. हाल ही अतिरिक्त आयुक्त रूबल अग्रवाल द्वारा यह निर्देश निकाले गए है.  

लागू की है अभय योजना 

शहर में कोविड़ के आने के बाद महापालिका के सभी विभागों के सबसे वरिष्ठ अधिकारियों के कई  कर्मचारियों को पिछले कुछ महीनों के लिए कोविड़ की ड्यूटी पर ही नियुक्त किया गया था. सर्वेक्षण, रोगी रिकॉर्ड के लिए लिपिकीय कार्य के लिए मुख्य रूप से कोवड़ केंद्र से कई लिपिक कर्मचारी इसमें शामिल थे. इसमें टैक्स विभाग के 61 क्लर्क शामिल थे. इस बीच, स्थायी समिति के अध्यक्ष हेमंत रसने की अध्यक्षता में एक बैठक ने गुरुवार को 2 अक्टूबर से 50 लाख रुपये तक की संपत्ति कर के दायरे में आने वाले संपत्ति के मालिकों के लिए एक अभय योजना को लागू करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है. प्रस्ताव के अनुसार, टैक्स  जुर्माना की राशि में 80 प्रतिशत की राहत दी जाएगी. 

अतिरिक्त आयुक्त के निर्देश 

 50 लाख रुपये तक के बकाया वाले लगभग 4.5 लाख टैक्स धारक हैं.  कोविड़ महामारी के दौरान महापालिका के राजस्व में गिरावट आई है और मनपा  ने अब तक कोविड़  पर उपायों के लिए 300 करोड़ रुपये से अधिक खर्च किए हैं. उन्हें अधिक खर्च करना होगा.  इसके लिए कर्मचारियों को अभय योजना के माध्यम से आय बढ़ाने की आवश्यकता होगी. इस पृष्ठभूमि के चलते प्रशासन ने भी तुरंत प्रतिक्रिया दी है. प्रभावी काम हो इसलिए 61 क्लर्कों को ड्यूटी पर छोड़ने का फैसला किया है. यह आदेश अतिरिक्त आयुक्त रुबल अग्रवाल ने जारी किया है.