स्वास्थ्य यंत्रणा पूरी तरह सजग

  • कोरोना की दूसरी लहर से निपटने मनपा ने कसी कमर

पिंपरी. महामारी कोरोना के संक्रमण की दूसरी लहर के आने की आशंका तेज है. उससे निपटने के लिए पिंपरी-चिंचवड़ मनपा प्रशासन ने कमर कसते हुए स्वास्थ्य यंत्रणा को पूरी तरह सजग कर दिया है.

शहर में फिलहाल कोरोना का संक्रमण कम हुआ है. पाजीटिव मरीजों  की संख्या 10 प्रतिशत तक कम हो गई है.इसे और कम करने के लिए प्रयास जारी है.इसके लिए कोई भी लक्षण नजर आते ही जांच कराएं, यह अपील मनपा आयुक्त श्रावण हार्डिकर ने की है.

करीब 33.9 प्रतिशत लोगों को कोरोना हुआ

उन्होंने कहा कि शहर में कोरोना की दूसरी लहर आने की आशंका व्यक्त की जा रही है. पिंपरी-चिंचवड़ शहर में पिछले 8 महीनों में  90 हजार से अधिक नागरिकों को कोरोना का संक्रमण हो चुका है. इनमें से करीब 87 हजार लोगों ने कोरोना को मात दे दी है. शहर में करीब 33.9 प्रतिशत लोगों को कोरोना का संक्रमण हो कर चला गया है. करीब साढ़े आठ लाख नागरिकों में एंटीबाॅडीज निर्माण होने का निष्कर्ष भी सामने आया है. ये सभी कोरोना का मुकाबला करने में सक्षम हैं.

सावधानी बरतना जरूरी

झोपड़पट्टी भाग में सर्वाधिक 37.8 प्रतिशत लोगों को कोरोना हो कर चला गया है, यह भी हालियां किए गए सर्वे में स्पष्ट हो चुका है. इस कारण कोरोना की दूसरी लहर का प्रभाव ज्यादा नहीं रहेगा, लेकिन फिर भी लोगों को सावधानी बरतना आवश्यक है.काेराेना पर काबू पाने के लिए मनपा द्वारा किए गए उपायों को सफलता मिल रही है. सितंबर से शहर में कोरोना के मरीजों की संख्या नियंत्रण में है.अक्टूबर के महीने में नए मरीजों  की संख्या 100 से अंदर हो गई थी.दिवाली के समय बाजारों में भीड़ हो गई थी और माैसम में भी बदलाव हो गया है.

अस्पतालों में आईसीयू और ऑक्सीजन युक्त सिस्टम तैयार

इन दिनों ठंड का मौसम शुरु हो गई है, इस वजह से सर्दी, खांसी, बुखार आदि लक्षण दिखाई देने पर नजरअंदाज न करते हुए डाक्टर की सलाह से दवा लें. साथ ही लक्षण नजर आते ही कोरोना की जांच करवा लें, यह अपील मनपा कमिश्नर हर्डिकर ने की है. उन्हाेंने कहा कि लक्षण नजर आने पर दवाइयों द्वारा कोरोना की रोकथाम की जा सकती है, लेकिन बहुत से लोग परेशानी बढ़ने पर हास्पिटल में भर्ती होते हैं. इस कारण उन्हें ऑक्सीजन और वेंटिलेटर की जरूरत और खतरा भी बढ़ जाता है.सर्दिर्यों  में मरीजों की संख्या बढ़ी तो भी एहतियात के तौर पर अस्पतालों में आईसीयू और ऑक्सीजन युक्त सिस्टम तैयार रखा गया है.