Holi of agricultural bills burnt in Pimpri Chinchwad

  • किसान संघर्ष समन्वय समिति ने दर्ज किया विरोध

पिंपरी. अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति (All India Kisan Sangharsh Coordination Committee), कामगार संगठन कृति समिति की ओर से पिंपरी चिंचवड़ (Pimpri Chinchwad) में केंद्र सरकार के तीनों कृषि विधेयकों (Agricultural bills) की होली जलाई गई।

पिंपरी के डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर स्मारक चौक (Dr. Babasaheb Ambedkar Memorial chauk) में किये गए इस आंदोलन में माकपा, इंदिरा कांग्रेस, बारा बलुतेदार महासंघ, नागरी हक्क सुरक्षा समिति, डी वाय एफ आय, महासंघ, ओबीसी संघर्ष समिति, फेरीवाला क्रांति महासंघ, प्रहार जनशक्ति संगठन, स्वराज अभियान समेत कई दल, संस्था और संगठन शामिल हुए।

ये नेता हुए शामिल

इस आंदोलन में शामिल हुए प्रमुख नेताओं में भूतपूर्व नगरसेवक मारुति भापकर, सामाजिक कार्यकर्ता मानव कांबले, अनिल रोहम, गणेश दराडे, सलीम सैयद, काशीनाथ नखाते, इब्राहिम खान, भाई विशाल जाधव, संजय गायके, संदेश नवले, अजीज शेख, शिवराम ठोंबरे, मनोज गजभार, आनंदा कुदले, कालूराम गायकवाड, गौतम गजभार, प्रदीप पवार आदि का समावेश था।

कोर्ट द्वारा नियुक्त समिति पर भरोसा नहीं

वरिष्ठ नेता मानव कांबले ने कहा कि, देश के किसान पिछले 51 दिनों से दिल्ली में लागू काले कृषि कानूनों का विरोध कर रहे हैं। सर्वोच्च न्यायालय ने 12 जनवरी को एक समिति का गठन कर इन कानूनों की अमलबाजी पर रोक लगाई है। मगर समिति में वह समूह है जो कानून का समर्थन करता है और किसानों को उनसे उम्मीद नहीं है। आज का आंदोलन उन किसानों का मनोबल बढ़ाने के लिए है जिनकी इस कानून को निरस्त करने में मजबूत भूमिका है। इस कानून को जल्द से जल्द रद्द किया जाना चाहिए।