It is necessary to increase the testing power of RT-PCR

  • टीकाकरण में तेजी लाना आवश्यक
  • कोरोना संक्रमण की समीक्षा बैठक में महापौर द्वारा उठाए गए मुद्दे

पुणे. सरकारी RT-PCR का परीक्षण क्षमता केवल 1200 है। नए कोरोना मरीजों (Corona Patients) को संख्या बढ़ने के बावजूद भी परीक्षणों (Tests) की संख्या बढ़ाना संभव नहीं है। नतीजतन यह संक्रमण के जोखिम को बढ़ाने में मदद कर रहा है।

सरकार के स्तर पर 1200 से अधिक परीक्षण नहीं किए जाते हैं। इसलिए सरकारी आरटी-पीसीआर परीक्षण क्षमता को तुरंत बढ़ाया जाना चाहिए। ऐसी मांग महापौर मुरलीधर मोहोल (Mayor Muralidhar Mohol) ने कोरोना संक्रमण की बैठक में उपमुख्यमंत्री अजीत पवार (Deputy Chief Minister Ajit Pawar) से की। 

तेजी लाने से 2 माह में टीकाकरण पूरा होगा 

महापौर द्वारा कहा गया कि टेस्ट की क्षमता बढ़ाने के मुद्दे पर विस्तार से चर्चा की गई है। इस पर तत्काल कदम उठाए जाने की उम्मीद है। अन्यथा स्थिति पहली लहर की तरह हो सकती है। महापौर ने कहा कि टीकाकरण के मामले में तेजी लाने की आवश्यकता है। शहर में लगभग 100 सरकारी और 800 निजी अस्पताल हैं। इस संबंध में राज्य सरकार और केंद्र सरकार को टीकाकरण केंद्रों की संख्या बढ़ाने के मुद्दे पर तुरंत चर्चा करनी चाहिए। ताकि हर दिन 40 से 50 हजार लाभार्थियों को टीका लगाया जा सके। अगर ऐसा होता है, तो शहर में टीकाकरण दो महीने के भीतर पूरा किया जा सकता है। 

पत्रकार और लोकप्रतिनिधियों को दे टीका 

महापौर के अनुसार, निजी अस्पतालों में कोविड़ के लिए आरक्षित बेड गैर-कोविड़ के लिए किए गए हैं। इस तरह के बेड को कोविड़ उपचार के लिए फिर से उपलब्ध कराने के लिए कार्रवाई की जानी चाहिए। महापौर ने मांग की है कि कोरोना अवधि के दौरान जिम्मेदार भूमिका निभाने वाले सभी लोकप्रतिनिधि और पत्रकारों को ‘फ्रंट लाइन वर्कर्स’ चरण में टीका लगाया जाना चाहिए। 

टीकाकरण के मामले में तेजी लाने की आवश्यकता है। शहर में लगभग 100 सरकारी और 800 निजी अस्पताल हैं। इस संबंध में राज्य सरकार और केंद्र सरकार को टीकाकरण केंद्रों की संख्या बढ़ाने के मुद्दे पर तुरंत चर्चा करनी चाहिए। ताकि हर दिन 40 से 50 हजार लाभार्थियों को टीका लगाया जा सके। अगर ऐसा होता है, तो शहर में टीकाकरण दो महीने के भीतर पूरा किया जा सकता है। कोरोना अवधि के दौरान जिम्मेदार भूमिका निभाने वाले सभी लोकप्रतिनिधि और पत्रकारों को 'फ्रंट लाइन वर्कर्स' चरण में टीका लगाया जाना चाहिए।

- मुरलीधर मोहोल, महापौर