उपनगरों के कोविड उपचार केंद्रों को शुरू रखें

  •  कांग्रेस प्रवक्ता गोपाल तिवारी की मांग

पुणे. पुणे महापालिका को राजीव गांधी स्मारक समिति ’द्वारा आयोजित  वेबिनार चर्चा में मुद्दों, सुझावों और जिम्मेदारियों को लेकर सुझाव दिए गए हैं. फिर भी प्रशासन गंभीर नजर नहीं आ रहा है. उपनगर इलाकों के कई कोरोना सेंटर बंद कर दिए गए हैं. इससे नागरिको को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. इस वजह से उपनगरों के कोविड़ सेंटर शुरू रखें, ऐसी मांग कांग्रेस प्रवक्ता गोपाल तिवारी ने महापालिका से की है.

बार बार दिए गए सुझाव

तिवारी के अनुसार  हमने समय-समय पर अधिकारियों, स्वास्थ्य प्रमुखों, अन्य सेवानिवृत्त अधिकारियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं के एक संयुक्त संगठन के माध्यम से ‘जन-भागीदारी’ की स्थापना का सुझाव दिया है, लेकिन कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली है. कोविड़ संक्रमण रोगियों की संख्या पहले की तुलना में अधिक बढ़ रही है. इस पृष्ठभूमि के चलते यह समझा जाता है कि पुणे मनपा  के 24 कोविड़ स्क्रीनिंग उपचार केंद्र हाल ही में एक आदेश द्वारा बंद कर दिए गए हैं.   पुणे शहर के बाहर से आने वाले कोरोना रोगियों की संख्या को देखते हुए वाघोली के साथ वारजे, खराड़ी, हडपसर, येरवडा  में उपचार केंद्र स्थापित किए जाने चाहिए.  ताकि रोगी को परिवहन और संक्रमण के संदर्भ में शहर के बाहर से शहर में आना उचित न हो. शहर के नागरिकों के लिए, शहर के केंद्र तुरंत उपलब्ध हों और उन्हें उपरोक्त केंद्र में तत्काल उपचार मिलेगा.

हस्ताक्षर सहित  सौंपा है ज्ञापन

 तिवारी ने आगे कहा कि राजीव गांधी स्मारक समिति की ओर से, पुणे शहर में विभिन्न चिकित्सा क्षेत्रों के प्रमुखों’ द्वारा हस्ताक्षरित एक बयान आयुक्त,  को सौंप दिया गया है. म्युनिसिपल कॉरपोरेशन के कोविड उपचरा केंद्रों को  एक समय बंद ना करें. उपनगरीय) उपचार केंद्रों को कुछ और समय के लिए जारी रखने के लिए कहा गया है. इसमें अविनाश भोंडवे, अध्यक्ष – इंडियन मेडिकल एसो.  डॉ. पीए इमानदार, डॉ.जयश्री टोडकर, डॉ.अनंत फड़के, डॉ.आरती निमकर, डॉ. अभिजीत मोरे, एनसीपी नेता रवींद्र मालवदकर  और  राजीव गांधी स्मारक समिति के अध्यक्ष, कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता गोपाल तिवारी के प्रमुख हस्ताक्षरों के साथ दिया गया है.