Now Maratha Kranti Morcha will come out in Delhi!
FILE PHOTO

पुणे. मराठा क्रांति मोर्चा पुणे जिला द्वारा गुरुवार (17 सितंबर) सुबह 11 बजे जिलाधिकारी कार्यालय में प्रदर्शन करेगा. इस अवसर पर जिला कलेक्टर सहित कुल 11 कार्यालयों को ज्ञापन दिया जाएगा. ऐसी जानकारी मराठा क्रांति मोर्चा के सचिन आड़ेकर ने दी.

बैठक में निर्णय

मराठा क्रांति मोर्चा द्वारा आज तक बनाए गए अनुशासन और संयम को दोहराते हुए और कोरोना महामारी के संकट को देखते हुए और प्रशासन के अनुरोध पर पुणे शहर में जिला कलेक्टर कार्यालय पुणे और पिंपरी-चिंचवाड़ के 11 सक्षम अधिकारियों के कार्यालयों के साथ-साथ प्रत्येक तालुका के तहसील कार्यालय में ज्ञापन प्रस्तुत करने का निर्णय लिया गया है. बुधवार देर रात हुई पुणे जिले की मराठा क्रांति मोर्चा की बैठक में यह निर्णय लिया गया. इस अवसर पर राजेंद्र कुंजिर, तुषार काकड़े, सचिन अडेकर, हनमंत मोटे, बालासाहेब अमराले, युवराज डिसले, प्रकाश जाधव, सतीश काले, उपस्थित थे.

रखी जाएगी मांगे

इन लोगों ने बताया कि इस दिन मराठा क्रांति मोर्चा की विभिन्न मांगों को सरकार के ध्यान में लाया जाएगा. सुप्रीम कोर्ट ने पीठ को मराठा आरक्षण की बात का हवाला देते हुए स्थगन का आदेश दिया है. राज्य सरकार संविधान विशेषज्ञों के परामर्श से अधिस्थगन को उठाने के लिए आवश्यक कानूनी कार्रवाई करनी चाहिए. पहला विकल्प मुख्य न्यायाधीश के पास आवेदन करना है और एक घटना पीठ की स्थापना करके स्थगन को उठाने की कोशिश करना है. ऐसी मराठा क्रांति मोर्चा के नेताओं ने मांग की. मोर्चा के नेताओं के अनुसार  प्रवेश और नियुक्तियों, जिनकी घोषणा की गई है, को अदालत के आदेश से पहले संरक्षित किया जाना चाहिए. सरकार को इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि मराठा आरक्षण स्थगित होने के कारण छात्रों को वित्तीय नुकसान न हो.