SDO issued orders after getting communicative re-positive till 19 in Arvi

  • दायरा सिमटकर 4.4 वर्ग किमी हुआ

पुणे. महापालिका प्रशासन द्वारा तय किए गए कन्टेनमेंट जोन में कोरोना का प्रभाव ज्यादा है. इन इलाकों को फोकस कर महापालिका विभिन्न उपाय मुहैया करा रही है. मनपा कमिश्नर विक्रम कुमार की जानकारी के अनुसार, 18 मई को यह दायरा 10.46 वर्ग किमी था. जो 1 जून को कम होकर 9.28 वर्ग किमी हो गया था. 

 फिर एक बार यह दायरा बढ़कर  7.76 वर्ग किमी हो गया. 5 अक्टूबर से यह दायरा कम होने लगा  है. यह दायरा 6.63 वर्ग किमी का था. अब 20 अक्टूबर को यह दायरा घटकर 4.4 वर्ग किमी हो गया है. मनपा कमिश्नर की मानें तो आज  कन्टेनमेंट जोन की तादाद 59 से कम होकर 33 हो गई है.

रंग ला रहीं सुविधाएं  

गौरतलब है कि कन्टेनमेंट जोन में लोगों को मनपा द्वारा राशन सामग्री समेत सभी सुविधाएं दी जा रही है, लेकिन लोगों में जनजागृति करना बेहद जरुरी हो गया है. मनपा और पुलिस कर्मी भी वहां जाने से कतरा रहे है. इस वजह से मनपा कमिश्नर के साथ बैठक में फैसला लिया गया था की पुलिस को ड्रोन कैमरे उपलब्ध कराके दिए जाए. उसके अनुसार ड्रोन के माध्यम से पुलिस कन्टेनमेंट जोन पर नजर रख रही है. इसके बाद यहां पर अधिकारियों द्वारा पहरा किया जा रहा है. उसके लिए महापालिका प्रशासन ने उप अभियंता और शाखा अभियन्तों की नियुक्ति की है. लगभग 66 अधिकारियों की यहां नियुक्तियां की गई हैं. इन लोगों को पुलिस के माध्यम से दिन में 3 बार पैट्रोलिंग करना पड़ रहा है. ये सभी उपाय योजनाए रंग लाती हुई नजर आई है.

पहले 59 थे जोन

3 मई को शहर में 69 कन्टेनमेंट जोन थे. उसका दायरा 9.91 वर्ग किमी का था. 18 मई को 65 जोन किए गए. उसमे सूक्ष्म जोन का समावेश था. उस तारीख को करीब 24 इलाके हटाय गए थे तो 20 नए बढ़ाये थे. इसका दायरा 10.46 वर्ग किमी हुआ था. 1 जून को यह दायरा काफी कम हुआ था. इसमें 28 हटाए गए थे व 38 नए बढ़ाये गए थे. लेकिन यह दायरा 1.18 वर्ग किमी से कम हुआ था. इस बीच 16 जून को यह दायरा और कम हुआ था. लेकिन ज़ोन की संख्या बढ़कर 73 हुई थी. इसमें 24 क्षेत्र हटाए गए तो करीब 32 नए क्षेत्र समाविष्ट किए गए हथे. यह दायरा 6.645 वर्ग किमी हो गया था. यानी लगभग 2.83 वर्ग किमी का क्षेत्र कम हुआ था.  कमिश्नर विक्रम कुमार  ने उसके बाद फिर एक बार जोन की पुन: रचना की गई थी. शहर में 74 माइक्रो कन्टेनमेंट जोन बना दिए गए थे.  लेकिन अब 5 अक्टूबर को यह दायरा फिर एक बार कम हुआ था. यह दायरा 6.63 वर्ग किमी था. 5 अक्टूबर से यह दायरा  कम होने लगा  है. यह दायरा 6.63 वर्ग किमी था. अब 20 अक्टूबर को यह दायरा 4.4 वर्ग किमी पर आया है. मनपा कमिश्नर की माने तो आज  कन्टेनमेंट जोन की तादाद 59 से कम होकर 33 हो गई है. यह अच्छी बात मानी जा रही है.