Pune Municipal Corporation gets 1580 crores from tax, highest income ever

    पुणे. पुणे महानगरपालिका (Pune Municipal Corporation) प्रशासन की ओर से टैक्स (Tax) वसूली के लिए विभिन्न प्रयास किए जा रहे है क्योंकि इसी माध्यम से महानगरपालिका को सबसे ज्यादा आय (Income) मिल जाती है। नतीजा महानगरपालिका को विकास काम (Development Work) करने में राशि मिल जाती है। जारी वित्तीय साल में प्रशासन और स्थायी समिति (Standing Committee) द्वारा टैक्स से उचित आय मिलाने ‘अभय योजना’ (Abhay Yogna) भी लागू की थी। 

    इसके नतीजे अब देखने को मिल रहे है क्योंकि महानगरपालिका को 1580 करोड़ की आय मिल चुकी है। यह आय आज तक के मनपा के इतिहास में सबसे ज्यादा आय है। शेष दिनों में और आय मिलेगी। ऐसा भरोसा टैक्स विभाग प्रमुख विलास कानडे ने व्यक्त किया। 

    7 लाख से अधिक लोगों ने किया भुगतान 

    इस बारे में टैक्स विभाग प्रमुख विलास कानडे ने कहा कि वित्तीय वर्ष 2020-21 के साल में  7 लाख 90 हजार संपत्ति मालिकों ने 1580 करोड़ रुपए का टैक्स जमा किया है। इसमें ऑनलाइन कर भुगतान का प्रमाण 76% है। उससे लगभग 810 करोड़ की आय मिल चुकी है। खाते के इतिहास में पहली बार 1500 करोड़ रुपए का स्तर पार किया गया। कानडे के अनुसार, अभी भी 3 दिनों की अवधि बाकी है।  शेष दिनों में राजस्व को अधिकतम करके अधिकतम आय उत्पन्न करने का अवसर है। यह आय 1600 करोड़ तक जाएगी। 

    छुट्टी के दिन शुरू रहेंगे केंद्र 

    कानडे के अनुसार, महानगरपालिका को अब लगातार तीन दिन की छुट्टी है, लेकिन इस अवसर पर भी महानगरपलिका के सभी नगरी सुविधा केंद्र बंद रहेंगे। नागरिक इसका लाभ उठाकर टैक्स का भुगतान कर सकते है। सुबह 10 से 2 बजे तक का कालावधि उसके लिए दिया गया है। कानडे ने लोगों से अपील की है कि नागरिक इन केंद्रों पर भीड़ ना करें। लोग डिजिटल पेमेंट के माध्यम से भुगतान करें। 

    वित्तीय वर्ष 2020-21 के साल में 7 लाख 90 हजार संपत्ति मालिकों ने 1580 करोड़ रुपए का टैक्स जमा किया है। इसमें ऑनलाइन कर भुगतान का प्रमाण 76% है। उससे लगभग 810 करोड़ की आय मिल चुकी है। खाते के इतिहास में पहली बार 1500 करोड़ रुपए का स्तर पार किया गया। अभी भी कई दिनों की अवधि बाकी है। ज्यादा से ज्यादा आय कमाने का हमारा प्रयास रहेगा। 31 मार्च तक लोग टैक्स का भुगतान कर सकते है। उसके लिए छुट्टियों के दिन भी नागरी सुविधा केंद्र खुले रहेंगे।

    -विलास कानडे, विभाग प्रमुख, टैक्स विभाग