पंजाब की सत्ता हथिया ली सिद्धू कहेंगे जनता से अब ठोको ताली

    पड़ोसी ने हमसे कहा, ‘‘निशानेबाज, प्राचीन काल में अनेक सिद्ध महात्मा थे जिन्हें सिद्धि प्राप्त थी. वे जो कहते थे, वह सच हो जाता था. ऐसे सिद्धपुरुषों या ऋषियों से राजा-महाराजा भी डरते थे कि उनकी बात नहीं मानी तो कमंडल से अंजलि में जल लेकर शाप दे देंगे.’’ हमने कहा, ‘‘आप किसी सिद्ध की नहीं, बल्कि सिद्धू की बात कीजिए जो कि पंजाब प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष हैं. उन्होंने ऐसा करिश्मा दिखाया कि कैप्टन की कुर्सी छीन ली. नवजोतसिंह सिद्धू ने पंजाब में नेतृत्व की नई ज्योत जला दी. उन्हीं की वजह से चरनजीतसिंह चन्नी के रूप में प्रदेश को नया सीएम मिल गया.’’

    पड़ोसी ने कहा, “निशानेबाज, बड़बोले सिद्धू के पास बातों के जमा-खर्च के अलावा और है ही क्या! अमरिंदर सिंह ने कहा था कि जो मंत्री बनकर एक विभाग भी नहीं संभाल पाया, वह पूरा राज्य क्या संभालेगा?’’ हमने कहा, ‘‘सिद्धू क्रिकेटर रहे हैं और क्रिकेट गेम ऑफ चांस कहलाता है. सिद्धू ने सिक्सर मार कर अमरिंदर को बाउंड्री के पार कर दिया. विधानसभा चुनाव तक तो चन्नी सीएम रहेंगे लेकिन चुनाव के बाद यदि फिर से कांग्रेस सरकार बनी तो सिद्धू ही मुख्यमंत्री बनेंगे. चुनाव प्रचार के दौरान सिद्धू की वाकपटुता का नमूना देखने को मिलेगा. वैसे भी वे स्टार प्रचारक माने जाते हैं.’’

    पड़ोसी ने कहा, ‘‘निशानेबाज, इस व्यक्ति में कौन सा तारतम्य या निरंतरता है! कभी क्रिकेट खिलाड़ी तो कभी कमेंटेटर और कभी कपिल शर्मा के शो में उल्टी-सीधी शायरी सुनाना, यही तो सिद्धू की पहचान रही है. कैप्टन अमरिंदर सिंह ने सिद्धू को देशद्रोही और पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान का दोस्त बताया है.’’ हमने कहा, ‘‘जब सिद्धू बोलेगा तो बाकी लोग सुनेंगे. वह कहेगा- दोस्तों, मंदिर के कलश पर बैठने से कोई कौआ गरुड़ नहीं बन जाता. दिल्ली के तख्त को बदलना सिर्फ वक्त की बात है. लोग कहते हैं कि अकेला चना भाड़ नहीं फोड़ सकता लेकिन मैं कहता हूं कि उछल जाए तो वही चना भड़भूजे की आंख फोड़ सकता है. गुरु,  इंसान में हौसला हो तो राई का पहाड़ भी बना सकता है. पंजाब में खिदमत कर हम लाएंगे खुशहाली, इसी बात पर ठोको ताली!’’