एडम गिलक्रिस्ट जन्मदिन: जब ग्लव्स में छोटी सी बॉल छुपाकर की तूफानी बल्लेबाजी, ईमानदारी की है मिसाल

    नई दिल्ली: ऑस्ट्रेलिया के दिग्गज पूर्व विकेटकीपर बल्लेबाज एडम गिलक्रिस्ट (Adam Gilchrist Birthday) का आज यानी 14 नवंबर (14 November) को जन्मदिन है। उनका जन्म आज ही के दिन साल 1971 के दिन ऑस्ट्रेलिया (Australia) में हुआ था। वह बाएं हाथ के विकेटकीपर बल्लेबाज (Wicketkeeper-Batsman) थे। वह अपनी आक्रामक बल्लेबाजी के लिए काफी मशहूर थे। जिनकी गिनती दुनिया के शीर्ष विकेटकीपर बल्लेबाज़ों में होती थी। 

    गिली नाम से हैं मशहूर 

    क्रिकेट जगत में एडम गिलक्रिस्ट ‘गिली’ (Gilly) के नाम से मशहूर हैं। गिलक्रिस्ट को दुनिया का सबसे खतरनाक विकेटकीपर बल्लेबाज माना जाता रहा है। गिलक्रिस्ट ऑस्ट्रेलिया की तरफ से 3 (1999, 2003, 2007) बार विश्व विजेता टीम का हिस्सा रहे हैं। वो आज भी विश्व कप के फाइनल में शतक जड़ने वाले दुनिया के पहले विकेटकीपर बल्लेबाज हैं। उनके अलावा किसी ने भी ऐसा कारनामा आज तक कोई नहीं कर पाया है। गिलक्रिस्ट ने अपना अंतरराष्ट्रीय डेब्यू द। अफ्रीका के खिलाफ फरीदाबाद में किया था। लेकिन, उन्हें पहचान पाकिस्तान के खिलाफ 1999 में टेस्ट सीरीज के दौरान 88 गेंद में 81 रन की पारी खेलकर मिली थी। 

    पिंग-पोंग बॉल का किस्सा 

    साल 2007 में श्रीलंका के खिलाफ फाइनल मैच में गिलक्रिस्ट ने 104 गेंद में 149 रन की तूफानी पारी खेली थी। जहां उन्होंने इस पारी के दौरान 13 चौके और 8 छक्के जड़े थे। उनकी इस धाकड़ पारी की बदौलत ऑस्ट्रेलियाई टीम ने 38 ओवर में 4 विकेट खोकर 281 रन का स्कोर खड़ा कर पाने में सफल रही थी। गिली ने आतिशी बल्लेबाजी करते हुए महज 72 गेंद में शतक पूरा किया था। अपनी इस पारी के दौरान गिली ने अपने बैटिंग ग्लव्स के अंतर पिंग-पोंग बॉल मजबूत ग्रिप बनाए रखने के लिए रखा था। जिसके बाद शतक पूरा करते ही गिली ने पवेलियन में बैठे अपने दोस्त को उस गेंद को दिखाते हुए इशारा किया था।  

    ईमानदारी की मिसाल 

    एडम गिलक्रिस्ट आज तक के सबसे ईमानदार क्रिकेटरों में से एक हैं। साल 2003 के विश्व कप के सेमीफाइनल मुकाबले में श्रीलंका के गेंदबाज ने गिलक्रिस्ट के खिलाफ जोरदार अपील की थी, लेकिन अंपायर ने उन्हें नॉट आउट करार दे दिया। लेकिन, गिलक्रिस्ट जानते थे कि गेंद उनके बैट को छूकर गई है, इसलिए वे खुद ही पवेलियन वापस चले गए थे। विश्व कप के सेमीफाइनल मुकाबले में गिलक्रिस्ट की इस ईमानदारी की बहुत तारीफ की गई थी।