Madhya Pradesh Election 2023

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भोपाल: मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव (Madhya Pradesh Assembly Election) में समाजवादी पार्टी (Samajwadi Party) और कांग्रेस (Congress) के बीच सीटों के बंटवारा हो सकती है। इन दोनों पार्टियों के बीच सीटों के बंटवारा को लेकर गुत्थी जल्द ही सुलझने की संभावना है। सपा की ओर से प्रमुख महासचिव प्रो. रामगोपाल यादव (Ram Gopal Yadav) और कांग्रेस की ओर से मध्य प्रदेश के प्रभारी महासचिव रणदीप सुरजेवाला (Randeep Surjewala) को यह जिम्मेदारी दी गई है। जानकारी के मुताबिक,  सपा ने 12 सीटें मांगी हैं और माना जा रहा है कि दोनों के बीच 10-12 सीटों पर बात बन जाएगी। 

राष्ट्रीय पार्टी  की दर्जा पाने की कोशिश 
सपा के नेतृत्व देश के दूसरे राज्यों में भी पार्टी की उपस्थिति दर्ज कराने की रणनीति पर काम कर रहा है ताकि आधिकारिक रूप से राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा मिल सके। इसी के तहत मध्य प्रदेश में पूरी तैयारी के साथ विधानसभा चुनाव लड़ने का निर्णय लिया गया है। इससे पहले साल 2003 के चुनाव में सपा वहां सात सीटें जीत चुकी है। पिछले विधानसभा चुनाव में भी उसने एक सीट जीती थी जबकि पांच सीटों पर बीजेपी के साथ मुख्य लड़ाई में रही थी।

इन जिलों में मांगी है सीट 
राजनीतिक सूत्रों के मुताबिक, दोनों पार्टियों के शीर्ष नेतृत्व की ओर से प्रो. रामगोपाल और सुरजेवाला को यह सिलसिला आगे बढ़ाने के लिए कहा गया। दोनों के बीच इस संबंध में लंबी वार्ता हो चुकी है। सपा ने कांग्रेस से रीवा, सतना और टीकमगढ़ समेत पांच जिलों में 12 सीटें मांगी हैं। बता दें कि मध्य प्रदेश विधानसभा में कुल 230 निर्वाचित क्षेत्र है। 

बस हां की इंतज़ार 
सूत्रों के मुताबिक दोनों पार्टियों के बीच मध्य प्रदेश राज्य चुनाव में गठबंधन पर सैद्धांतिक सहमति बन चुकी है। मामला सिर्फ सीटें फाइनल किए जाने पर ही अटका हुआ है। प्रो. रामगोपाल और सुरजेवाला की सोमवार को नई दिल्ली में मुलाकात भी होनी थी लेकिन प्रो. रामगोपाल के बड़े भाई के निधन होने की वजह से नहीं हो पाई । जल्द  ही सीट बंटवारे के मामले में अंतिम निर्णय ले लिया जाएगा। उसके बाद यादव बहुल सीटों पर सपा-कांग्रेस की संयुक्त जनसभाएं भी होंगी।