चेतावनीः किसानों को प्रति हेक्टेयर 30 हजार की सहायता दें, …तो मातोश्री में नहीं होने देंगे दिवाली

    अमरावती. अतिवृष्टिग्रस्त किसानों की दिवाली अंधेरे में ना हो, इसकी दक्षता बरतते हुए राज्य की महाविकास आघाड़ी सरकार किसानों को तत्काल प्रति हेक्टेयर 30 हजार रुपए की सहायता प्रदान करें. यदि किसानों की दिवाली अंधेरे में जाती है तो सड़क पर उतरकर तीव्र आंदोलते करते हुए मातोश्री में भी दिवाली नहीं होने देंगे. इस आशय की चेतावनी का निवेदन विधायक रवि राणा के नेतृत्व में युवा स्वाभिमान पार्टी ने मंगलवार को जिलाधीश पवनीत कौर को दिया.  

    अतिवृष्टि से फसलें चौपट 

    महाराष्ट्र के किसान निसर्ग के कोप से त्रस्त है. संपूर्ण राज्य में अतिवृष्टि के कारण खरीफ फसल का बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है. कपास, सोयाबीन, तुअर, मूंग,उड़द,जवारी,बाजरी, मका, संतरा,केला व पपीता समेत सभी फसलें व फल बागानों को नुकसान पहुंचा है. किसानों का लागत खर्च भी निकलना मुश्किल हो गया है.

    इस स्थिति में जिए को कैसे जिए, क्या खाए. यह यक्ष प्रश्न किसान परिवार के सामने खड़ा हो गया है. निराशावश किसान आत्महत्या बढ़ने की संभावनाओं से भी इंकार नहीं किया जा सकता. दिवाली को 15 दिन शेष रह गए है. नगद फसल हाथ से जाने के कारण किसानों की दिवाली अंधेरे में होने के संकेत है. इस विपदा में सरकार को अन्नदाता किसानों को आर्थिक सहयोग देना अत्यंत जरूरी हो गया है. 

    राज्य के किसानों से दिखाए सहानुभूति 

    युवा स्वाभिमान ने जिलाधीश के माध्यम से मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे को निवेदन भेजा है. जिसमें अतिवृष्टिग्रस्त किसानों को प्रति हेक्टेयर 30 हजार रुपए मदद दिवाली के पहले देने की मांग की है. राणा के अनुसार लखीमपुर खीरी की दर्दनाक घटना के निषेध में आघाड़ी सरकार ने महाराष्ट्र बंद रखकर हरियाना के किसानों के प्रति सहानुभूति दिखाई. ठीक उसी तरह राज्य के किसानों को न्याय दिलाने के लिए किसी तरह का कोई नियम नहीं लगाते हुए दिवाली के पूर्व किसानों को यह आर्थिक सहायता देने के लिए पहल करने का अनुरोध किया है.

    उन्होंने यह भी चेताया कि सरकार की अनदेखी पर मुंबई स्थित मातोश्री निवास पर सैकड़ों किसानों के साथ तीव्र आंदोलन करेंगे. दिवाली नहीं मनाने देंगे. यह निवेदन देते समय युवा स्वाभिमान के शहर अध्यक्ष संजय हिंगासपुरे, जयंत वानखड़े, सचिन भेंडे, विनोद जायलवाल, विनोद गुहे, देवेंद्र टीप, रूपेश मालवीय, राजेश वर्मा, अभिजीत देशमुख, उमेश ढोणे समेत सैकड़ों पदाधिकारी व कार्यकर्ता उपस्थित थे.