Dabki Road's water supply Khandit-JCB uprooted water pipeline

    औरंगाबाद: हर्सूल तालाब (Harsul Pond) से पेयजल आपूर्ति (Water Supply) करने के लिए दिल्ली गेट तक नई पाइपलाइन (New Pipeline) बिछाने का काम शुरु किया गया है। हर्सूल तालाब से अधिक का पानी का निकास करने के लिए 350 मिलीमीटर व्यास की  पाइपलाइन (Pipeline) डाली जा रही है। हर्सूल तालाब से जल शुध्दीकरण केन्द्र तक और जल शुध्दीकरण केन्द्र से दिल्ली गेट में स्थित संप तक नई पाइपलाइन बिछायी जा रही है। यह जानकारी महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण के कार्यकारी अभियंता अजय सिंह ने पत्रकारों को दी।

    उन्होंने बताया कि शहर की पेयजल समस्या हल करने के लिए विभागीय आयुक्त सुनील केन्द्रेकर, जिलाधिकारी सुनील चव्हाण, औरंगाबाद महानगरपालिका प्रशासक आस्तिक कुमार पांडेय के प्रयास कर रहे है। इन्हीं प्रयासों में विविध उपाय योजनाओं पर अमलीजामा पहनाया जा रहा है।

    पानी में इजाफा करने की कवायद

    हर्सूल तालाब से 5 एमएलडी पानी की वृद्धि करने के लिए अस्तित्व में स्थित पाइपलाइन को क्रॉस कनेक्शन देकर नई 350 मिलीमीटर व्यास की पाइपलाइन जल शुध्दीकरण केन्द्र तक डाली जा रही है। यह प्रयोग सफल होते ही विभागीय आयुक्त केन्द्रेकर ने महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण और महानगरपालिका प्रशासन को हर्सूल तालाब से अलग से पाइपलाइन डालने के आदेश दिए हैं। उसके अनुसार हर्सूल तालाब से क्रॉस कनेक्शन तक पाइपलाइन बिछाने का काम शुरु किया गया है। साथ ही हर्सूल जल शुध्दीकरण केन्द्र से दिल्ली गेट तक नई 350 मिलीमीटर व्यास की नई पाइपलाइन बिछाने के आदेश दिए है। 

    1954 में बिछायी गई थी पुरानी पाइपलाइन 

    अजय सिंह ने बताया कि इस मार्ग पर पुरानी पाइपलाइन 1954 में डाली गई थी। उक्त पाइपलाइन सीमेंट की होने के कारण लोगों ने जगह-जगह उसे तोड़कर अवैध नल कनेक्शन ले लिए हैं। जिससे इस पाइपलाइन से पानी की टंकी तक सिर्फ 2 से 3 एमएलडी पानी पहुंच पा रहा है। यह पाइपलाइन जमीन में पूरी तरह दबने से वह बंद की जाएगी। इसलिए नई पाइपलाइन डालने का काम शुरु किया गया है। 35 मिलीमीटर व्यास की पाइपलाइन डालने का काम उद्धव राव पाटिल चौक से शुरु किया गया है। इसलिए 5 एमएलडी पानी दिल्ली गेट के संप में लाना आसान होगा।