सातबारा निकालने के लिए भारी बारिश में पटवारी कार्यालय पर लगी किसानों की भीड़, धान खरीदी के लिए दस्तावेजों का जुगाड़

    सोनी. सीजन के अंत में किसानों को धान की बिक्री के लिए समर्थन मूल्य धान खरीदी केंद्र पर एक माह पहले सातबारा पंजीकरण कराना होता है. इसके लिए क्षेत्र के किसानों ने सातबारा पंजीकरण के लिए दस्तावेज जुटाना शुरू कर दिया है. सोमवार की सुबह 11 बजे तेज बारिश में किसान सातबारा निकालने के लिए पटवारी कार्यालय में जमा हो गए थे.

    प्राप्त जानकारी के अनुसार इस वर्ष के खरीफ धान की बिक्री के लिए सरकारी समर्थन मूल्य धान खरीदी केंद्रों पर किसानों को 30 सितंबर तक आनलाइन पंजीकरण कराना अनिवार्य किया गया है. साथ ही पिछले कुछ दिनों से सरकार ने किसानों के लिए ई-फसल निरीक्षण एप की मदद से अपनी फसल का पंजीकरण कराना अनिवार्य कर दिया है.

    एंड्राइड मोबाइल के बारे में अनजान किसान, खेत में इंटरनेट सुविधा की अनुपलब्धता, जबकि कुछ किसानों के पास मोबाइल तक पहुंचा नहीं है, जिससे तहसील के अधिकांश किसानों के लिए ई-फसल सर्वेक्षण के माध्यम से फसल की बुवाई की जानकारी भरना मुश्किल हो जाता है. पिंपलगांव/क्षेत्र के सह क्षेत्र में पटवारी की ओर 6 गांवों की कृषि भूमि शामिल है. इनमें पिंपलगांव/को, कन्हालगांव, चिचगांव, पुयार, मडेघाट एवं इंदोरा शामिल है. सोमवार की सुबह करीब 11 बजे क्षेत्र के किसान पिंपलगांव/को स्थित पटवारी कार्यालय में जमा हो गए तो देखा गया कि किसानों को भारी बारिश में भीगते हुए साताबारा निकालना पड़ा.