बैंक कर्ज की प्रतीक्षा में किसान, तकनीकी खामियों से नहीं मिल रहा

    भंडारा. खरीफ मौसम को शुरुआत हो गई है़.  ऐसे में किसान भी खेत के विभिन्न कार्यों में इन दिनों जुटे हुए दिखाई दे रहे है़.ं  खाद से लेकर विभिन्न सामग्री तक खरीदी के लिए किसानों को पैसों की काफी जरूरत होती है़.  वहीं तकनीकी खामियों की वजह से कई किसान अभी भी कर्ज से वंचित है़.  बैंकों की ओर से कर्ज वितरण की प्रक्रिया शुरू है़.  पुराने कर्ज का पुर्नगठन करने के बाद ही नए से कर्ज किसानों को मिलता है, लेकिन कुछ किसान पुराना कर्ज चुकाने रकम नहीं जुटा पा रहे यह वास्तविकता है़.

    प्राकृतिक आपत्ति से किसान परेशान

    पिछले साल विभिन्न फसल विभिन्न संक्रामक बीमारियों के आक्रमण के कारण सोयाबीन के उत्पादन में भारी गिरावट आयी़.  यही हाल कपास का था़.  जितना खेत पर खर्च नहीं हुआ उतना उत्पादन तक किसानों को नहीं होने से किसान परेशानी में फंसे है़.  परिणामवश कर्जमाफी की मांग किसानों ने की है़.

    बैंकों को दें कर्ज वितरण के आदेश

    खरीफ मौसम में किसानों को कर्ज की सख्त जरूरत है़.  लेकिन बैंक द्वारा पहले का कर्ज चुकाने की बात कहकर किसानों को कर्ज देने से टालमटोल किया जा रहा है़. कोरोना के कारण पहले ही किसान परेशानी में है़..  ऐसे में किसानों को बैंकों द्वारा जल्द से जल्द कर्ज वितरण के आदेश देने की मांग हो रही है़.