Tili Laddu, Til gud

  • फिकी नहीं पड़ेगी तिल-गुड़ की मिठास

भंडारा. महंगाई आसमान छू रही है. सभी जीवनावश्यक वस्तुओं के दामों में वृद्धि हुई है. परंतु इस बार मकर संक्रांति पर्व पर महंगाई में भी राहत देने वाली खबर महिलाओं के लिए है. पर्व में दान, पुण्य के साथ खानपान के लिए आवश्यक तिल, गुड़ सहित अन्य आवश्यक खाद्य पदार्थों के दाम गत वर्ष की तरह की स्थिर है. दामों में इजाफा नहीं होने से इस बार मकर संक्रांति पर तिल-गुड़ की मिठास कायम रहेगी.

उल्लेखनीय है कि 14 जनवरी को मकर संक्रांति पर्व मनाया जाता है. इस दिन भगवान भास्कर धनु राशि से मकर में प्रवेश करते हैं. मकरसंक्रांति पर्व पर नदी तालाबों में स्नान का विशेष महत्व है. साथ ही तिल का दान, स्नान व खानपान भी विशेष महत्व रखता है. लोग गुड़ से बने मिष्ठानों का दान करने के साथ उसका सेवन करते हैं.

तिल-गुड़ के लड्डू बांटकर आपस में खुशियां बांटने का रिवाज है. ऐसे में बाजार में तिल, गुड़ की मांग बढ़ गई है. आगामी पखवाड़े में मकरसंक्रांति का त्योहार है. ऐसे में महिला वर्ग ने अभी से तैयारियां शुरू कर दी है. इसमें तिल व गुड़ से बनाएं जाने वाले वस्तुओं की खरीदारी शुरू हो गई है. इस बार तिल व गुड़ के दाम स्थिर होने से महिलाओं में हर्ष है. 

गत वर्ष की तुलना में नहीं इस बार दाम नहीं बढ़े 

गत वर्ष की तुलना में इस वर्ष तिल, गुड़ के दामों में वृद्धि नहीं हुई है. सफेद व लाल तिल के दर 120 से 150 रुपए के दौरान है. वहीं गुड़ के दर प्रति किलो 40 रुपए है. उसमें कोल्हापुरी गुड़ 55 से 60 रुपए किलो, देशी गुड़ 65 रुपए किलो है. अगर आगे दाम नहीं बढ़ते तो, इस वर्ष तिल-गुड़ की मिठास कायम रहने की संभावना है. मकर संक्रांति का त्योहार महिला वर्ग के लिए विशेष होता है. संक्रांति पर्व पर विभिन्न तरह के पकवान बनाए जाते हैं, जिसमें विशेष तिल की रोटी, तिल-गुड़ के लड्डू, बर्फी का समावेश है. अब जब इस वर्ष दामों में कोई भी उछाल नहीं है तो, महिला वर्ग ने राहत की सांस ली है, जिससे अभी से बाजार में तिल-गुड़ की मांग बढ़ गई है. 

बाजार में नई तिल की आवक में हुई वृध्दि 

गत कुछ दिनों से तिल की मांग बढ़ गई है. इसके साथ ही अब तिल की बड़े प्रमाण में बाजार में आवक हुई है, जिससे व्यापारियों ने पुरानी तिल बेचने के लिए निकाली है. पुरानी व नए तिल के दामों में ज्यादा फर्क नहीं है. अच्छी आवक होने से तिल के दाम गत वर्ष की तरह ही कायम है.