Farmers becoming entrepreneurs through Didi Bari scheme
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    बुलढाना. पिछले साल अक्टूबर में हुई बारिश ने कहर बरपाया था तथा दिसंबर में ओलावृष्टि से भारी नुकसान हुआ था. जिससे जिले के करीबन 85 हजार 337 किसान प्रभावित हुए थे. इन किसानों को करीब 923 लाख रु. का मुआवजा घोषित किया गया है, जो अब तक प्रदान नहीं किया गया. 

    फिलहाल किसान खरीफ की तैयारियों में लगे हुए हैं. मानसून के पूर्व यह मुआवजा किसानों को मिले तो कुछ लाभ हो, यह आस किसानों में लगी है. जून माह में बारिश के कारण लगभग 2,282 किसानों का 1,025 हेक्टेयर क्षेत्र प्रभावित हुआ था. इन किसानों का करीब 103.68 लाख रु. का नुकसान दर्ज किया गया था. अक्टूबर माह में कहर बरपाने वाली बारिश से 83,055 किसानों की 82,018 हेक्टेयर जमीन धूल गई थी.

    जिससे किसानों का 820 लाख रु. का नुकसान हुआ था. दिसंबर में हुई ओलावृष्टी से 3,697 हेक्टेयर क्षेत्र में लहराई फसल बर्बाद हो गई थी. जिससे 8,666 किसानों का  284.85 लाख रु. नुकसान हो गया था. इन किसानों को सरकार की ओर से प्रति हेक्टेयर 10,000 रु. मिलने की उम्मीद थी. लेकिन यह सपना पुर्ण नहीं होने से किसानों में नाराजगी का देखी जा रही है. 

    जिलाधिकारी को निवेदन 

    जिले में किसानों के हुए नुकसान की जानकारी राजस्व और कृषि विभाग को भी दी गई थी. इस जानकारी पर संबंधित विभागों ने नुकसान का अनुमान लगाया. लेकिन अभी तक किसानों को मुआवजा नहीं मिला है. इस संबंध में  किसानों का मुआवजा जल्द से जल्द दिया जाए इस मांग को लेकर जिलाधिकारी को निवेदन भी दिया गया है.  -चक्रधर लांडे, जिला महासचिव, भाजपा किसान मोर्चा