Devendra Fadnavis
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    मुंबई. महाराष्ट्र (Maharashtra) की नई सरकार ने उद्धव सरकार (Uddhav Government) के एक फैसले को पलट दिया है। शिंदे सरकार ने उद्धव सरकार के आरे कालोनी (Aarey Colony) में मेट्रो कार शेड (Car Shed) बनाने पर रोक वाले फैसले को पलटा है। इस पर उप मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (Maharashtra Dy CM Devendra Fadnavis) ने शुक्रवार कहा कि मुंबई के लोगों के हित में अगर तुरंत मेट्रो शुरू करनी है तो सुप्रीम कोर्ट द्वारा प्रस्तावित भूमि पर कार शेड बनाना चाहिए।

    देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि, “मुंबई मेट्रो लाइन-3 को तब तक शुरू नहीं कर सकते जब तक इसका कार शेड का काम नहीं होता। पिछली सरकार ने इसका कार शेड जहां प्रस्तावित किया वहां अभी विवाद है और वो जगह मिलने के बाद भी 4 साल तक कार शेड नहीं हो सकता है।”

    फडणवीस ने कहा कि, “हमारी सरकार के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने जो जगह क्लियर की थी उस जगह पर 25% काम हो चुका है और शेष 75% काम तुरंत किया जा सकता है इसलिए मुंबई के लोगों के हित में अगर तुरंत मेट्रो शुरू करनी है तो वहीं कार शेड बनना चाहिए और हमारा यही फैसला रहेगा कि कार शेड वहीं बने।”

    विदित हो कि, महाराष्ट्र में सत्ता में आने के कुछ घंटे बाद मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और उप मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मंत्रिमंडल की पहली बैठक में उद्धव ठाकरे नीत एमवीए सरकार के मुंबई मेट्रो लाइन-3 के आरे कॉलोनी में प्रस्तावित कार शेड को स्थानांतरित करने के फैसले को पलटने की दिशा में पहला कदम उठाया।

    शपथ ग्रहण समारोह के बाद बृहस्पतिवार को हुई मंत्रिमंडल की बैठक में फडणवीस ने राज्य के महाधिवक्ता और प्रशासन को मेट्रो-3 लाइन के कार शेड को कांजुरमार्ग के बजाय आरे कॉलोनी में बनाने का प्रस्ताव जमा करने का निर्देश दिया। यह संयोग है कि शिंदे के पूर्ववर्ती उद्धव ठाकरे ने नवंबर 2019 में मुख्यमंत्री बनते ही आरे कॉलोनी में मेट्रोलाइन-3 का कार शेड बनाने के प्रस्ताव पर रोक लगाने का ऐलान किया था।

    गौरतलब है कि पेड़ों से घिरे आरे इलाके में कार शेड बनाने के प्रस्ताव को पर्यावरण समूहों के विरोध का सामना करना पड़ा था, क्योंकि इसके लिए सैकड़ों पेड़ों को काटना पड़ा। उद्धव ठाकरे नीत सरकार ने बाद में कार शेड को कांजुरमार्ग स्थानांतरित कर दिया, लेकिन यह कानूनी दांव पेंच में फंस गया। (एजेंसी इनपुट के साथ)