ST BUS
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    गोंदिया.  सरकार ने  रापनि में कार्यरत कर्मचारियों की हड़ताल को ध्यान में रखकर उनके वेतन में 41 प्रश. की वृद्धि कर दी है. इसके बावजूद  कर्मचारियों ने अपनी हड़ताल समाप्त नहीं की है. जिससे बड़ा पैकेज घोषित होने के बाद भी दूसरे दिन रापनि के डिपो से एक भी बस बाहर जाने के लिए नहीं निकली है.

    एसटी कामगार यूनियन के कर्मचारी बस स्थानक परिसर के पंडाल में अब भी डटे हुए हैं. इस हड़ताल में 122 चालक व 105 परिचालक सहित पुरे मैकेनिक विभाग के कर्मचारी शामिल हैं. वहीं रापनि के कर्मचारियों की हड़ताल से निजी बस व काली पीली टैक्सी व ऑटो चालकों की चांदी हो गई है. लेकिन इसका खामियाजा यात्रियों को भुगतना पड़ रहा है और  अनेक विद्यार्थियों को असुविधा हो रही है.

    इस संबंध में एसटी कामगार यूनियन का कहना है कि इसके पूर्व 2 बार शासन के साथ करार हुए है. राज्य शासन उन्हीं पुराने करार का लाभ ले रही है. इसमें अपनी ओर से राज्य शासन ने कुछ नहीं दिया है. जिससे वेतन का नया पैकेज घोषित होने के बाद भी रापनि के कर्मचारी डटकर बैठे है. इन कर्मचारियों का यह भी कहना है कि रापनि का शासन में विलय किया जाए. यह उनकी प्रमुख मांग है.