Common passengers and small villages upset due to closure of passenger train

    भुसावल. भुसावल रेलवे स्टेशन (Bhusaval Railway Station) यूं तो जंक्शन स्टेशन है जहां रोज कई ट्रेनों का आना और जाना लगा रहता है और भारत के किसी भी कोने में जाने के लिए भुसावल रेल स्टेशन से आप ट्रेन का सफर (Travel) कर सकते है।  ब्रिटिश काल (British Period) से भुसावल रेल स्टेशन का महत्व है। एक ओर कोरोना महामारी (Corona Pandemic) ने सामान्य नागरिक की कमर तोड़ दी है वहीं पैसेंजर ट्रेन शुरू ना होने से कई लाखों यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। गरीब लोगों की सवारी गाड़ी पैसेंजर ट्रेन करीब दो साल से बंद होने के कारण भुसावल और उससे सटे तहसील के गांव के लोगों को आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ रहा है।

    सवारी गाड़ी से मुंबई, नागपुर, वर्धा, बल्लाड शाह, कटनी तक किराया और आरामदायक सफर महज 100 रुपयों में आसानी से हो जाता था।  लेकिन पैसेंजर ट्रेन बंद होने के कारण लोगों को एसटी बस और प्राइवेट लक्जरी बस से मजबूरन सफर करना पड़ रहा है, जिसके कारण जायदा पैसे खर्च तो हो ही रहे हैं साथ ही समय भी बर्बाद हो रहा है। पहले ही तेल की कीमत में वृद्धि के कारण पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस की कीमतों ने घर के बजट को तहसनहस कर दिया है। प्रशासन ने कई विशेष गाड़ियां समय समय पर शुरू की है। लेकिन पैसेंजर ट्रेन के साथ सौतेला व्यहार किया जा रहा है और अभी भी दूर तक पैसेंजर ट्रेन शुरू करने की संभावना नजर नहीं आ रही है। 

    आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ रहा है

    इसीलिए सामान्य लोगों को और यात्रियों को आरक्षित ट्रेनों से अतिरिक्त टिकट की कीमत चुकानी पड़ रही है। एसटी बस के लिए अधिक भुगतान करना पड़ रहा है। साथ ही, ये विशेष ट्रेनें सभी स्टेशनों पर नहीं रुकती हैं, इसलिए आम यात्रियों को फिर से वापस अपने गंतव्य पर आने या जाने के लिए दूसरे वाहनों का सहारा लेना पड़ता है जिसके कारण आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ रहा है।  इसलिए लोगो की मांग है कि यात्री ट्रेनें को जल्द शुरू किया जाएं। सुपर फास्ट ट्रेनों में यात्रा करने के लिए आरक्षित टिकट की आवश्यकता होती है। लेकिन विशेष ट्रेनें आम आदमी के लिए सस्ती नहीं हैं। साथ ही ये स्पेशल ट्रेनों का छोटे स्टेशनों पर कोई स्टॉप नहीं है, एसटी या दूसरी वाहन से आम जनता अतिरिक्त भुगतान कर अपनी मंजिल तक पहुंचते है। 

    हाल में ये पैसेंजर ट्रेन बंद है

    भुसावल-देवलाली शटल, भुसावल-वर्धा पैसेंजर, भुसावल-अमरावती पैसेंजर, भुसावल-कटनी पैसेंजर, भुसावल-इटारसी पैसेंजर

    इन छोटे स्टेशनों पर पैसेंजर ट्रेन का था स्टॉप 

    भादली, शिरसोली, म्हसावद, माहेजी, गालन, परधाड़े, नगरदेवला, कजगांव, वाघली, दुसखेड़ा, सावदा, निभोरा, वाघोडा, असीरगढ़, चांदनी, मांडवा, सगफाटा, डोंगरगांव, बागमार,  वरणगांव, आचेगांव, खामखेड़, वडोदरा, बिस्वत्रीज, बिस्वा ब्रिज, खामगांव, बुरकी, जलब, नागज़ेरी और पारस।  इन सभी गांवों में में सुपर फास्ट ट्रेनें नहीं रुकती हैं।