Claim in NIA chargesheet, Sachin Waje hatched a conspiracy to get old bullying of encounter specialist
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    मुंबई. मुंबई की एक अदालत (Mumbai Court) ने उद्योगपति मुकेश अंबानी (Mukesh Ambani) के घर के बाहर विस्फोटक (Explosive) से भरी कार पाए जाने की जांच के सिलसिले में पुलिस अधिकारी सचिन वाझे (Sachin Vaze) को रविवार को 25 मार्च तक के लिये एनआईए की हिरासत में भेज दिया। एक अधिकारी ने कहा कि वाझे को स्थानीय अस्पताल में चिकित्सकीय जांच कराने के बाद दक्षिण मुंबई में स्थित एक अदालत लाया गया।

    अधिकारी ने बताया कि वाझे को भारतीय दंड संहिता की धारा 286, 465, 473, 506 (2), 120बी और विस्फोटक पदार्थ अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत गिरफ्तार किया था। उन्होंने कहा कि वाझे को अदालत में पेश किया गया, जिसने उन्हें मामले की आगे की जांच के लिये एनआईए की हिरासत में भेज दिया।

    राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) के एक प्रवक्ता ने कहा कि एजेंसी ने 25 फरवरी को कार्माइकल रोड के निकट अरबपति मुकेश अंबानी के घर ‘एंटीलिया’ के बाहर विस्फोटक से भरी कार खड़ी करने में कथित संलिप्तता के लिये शनिवार रात वाझे को गिरफ्तार किया गया।

    एनआईए ने वाझे की 14 दिन की हिरासत मांगते हुए अदालत को बताया कि उन्हें इस मामले में पुलिस अधिकारी की भूमिका के बारे में कुछ जानकारी मिली है और पूछताछ के दौरान उन्होंने अपनी भूमिका की बात स्वीकार की है। जांच एजेंसी ने कहा कि इसके बाद वाझे को गिरफ्तार कर लिया गया।

    एनआईए ने हिरासत मांगने से संबंधित याचिका में इस मामले में वाझे की भूमिका को दर्शाने के लिये गवाहों के बयानों को भी पेश किया है। एजेंसी ने अदालत से कहा कि षड़यंत्र का पर्दाफाश करने और सबूत जुटाने के लिये वाझे को हिरासत में लिया जाना जरूरी है। वाझे के अधिवक्ता सुदीप पासबोला ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा कि संदेह के आधार पर गिरफ्तारी की गई और उनके खिलाफ कोई ठोस सबूत नहीं है।

    पासबोला ने कहा, ”अदालत ने वाझे को 25 मार्च तक हिरासत में भेज दिया है लेकिन मामले की सुनवाई सोमवार को भी जारी रहेगी। अदालत ने एनआईए से वे सबूत पेश करने के लिये कहा है, जो उसने जुटाए हैं। साथ ही उसने जांच की प्रगति के बारे में भी पूछा।” दक्षिण मुंबई के कंबाला हिल स्थित एनआईए के कार्यालय ने वाझे को शनिवार पूर्वाह्न साढ़े 11 बजे अपना बयान दर्ज कराने के लिये समन जारी किया था।

    प्रवक्ता ने कहा कि एनआईए के अधिकारियों ने करीब 12 घंटे की पूछताछ के बाद वाझे को भारतीय दंड संहिता और विस्फोटक पदार्थ अधिनियम की धाराओं के तहत गिरफ्तार किया। कार के मालिक बताए गए, ठाणे में रहने वाले कारोबारी मनसुख हिरन की रहस्यमय मौत के बाद मामले की जांच एनआईए को सौंप दी गई थी।

    गौरतलब है कि उद्योगपति मुकेश अंबानी के दक्षिण मुंबई स्थित आवास के पास 25 फरवरी को विस्फोटक और धमकी भरे पत्र के साथ स्कॉर्पियो एसयूवी कार मिली थी। हिरन ने दावा किया था कि कार उनकी है लेकिन घटना से एक हफ्ते पहले वह चोरी हो गई थी। इस मामले में उस समय पेंच आया जब हिरन पांच मार्च को ठाणे में एक नदी के किनारे मृत पाए गए थे। हिरन की पत्नी ने दावा किया कि उनके पति ने एसयूवी पिछले साल नवंबर में वाझे को दी थी और उन्होंने फरवरी के पहले हफ्ते में यह कार लौटाई थी। हालांकि, वाझे ने इससे इनकार किया है। (एजेंसी)