ED notice to Sanjay Raut wife

    मुंबई: प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नाना पटोले (Nana Patole) ने कहा है कि महाराष्ट्र विकास आघाडी (Maharashtra Vikas Aghadi) में शामिल दल उनकी पार्टी  को हल्के में न लें। उन्होंने साफ़ तौर से कहा कि बीजेपी (BJP) को सत्ता से दूर रखने के लिए कांग्रेस, महाविकास आघाडी में शामिल हुई है। ऐसे में आघाडी के सहयोगी दल (शिवसेना-एनसीपी) कांग्रेस (Congress) को टेकेन फॉर ग्रांटेड की तरह ट्रीट न करें। नाना पटोले ने कहा महाविकास आघाडी में होने के बावजूद कांग्रेस की ताकत कम नहीं होगी और हम राज्य में नंबर वन दल के रूप में उभर कर सामने आएंगे। । उन्होंने यह बयान अंबरनाथ में एक सभा के दौरान दिया। उनके इस बयान को लेकर आघाडी की सहयोगी दल शिवसेना (Shiv Sena) और एनसीपी (NCP) के बीच हलचल तेज हो गई है। 

    मंगलवार को शिवसेना के संकटमोचक संजय राउत (Sanjay Raut) ने आघाडी सरकार के सुपर सीएम शरद पवार (Sharad Pawar) के घर सिल्वर ओक पर करीब दो घंटे की मीटिंग की है। राउत ने इस मीटिंग के एजेंडे का खुलासा तो नहीं किया। लेकिन माना जा रहा है कि उन्होंने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष पटोले के बयान को लेकर भी पवार के साथ चर्चा की है। हालांकि एक बार पवार ने पटोले को छोटा नेता बता कर उनकी तौहीन की थी, लेकिन जिस तरह से पटोले की अगुवाई में कांग्रेस ने स्थानीय निकाय चुनाव में सफलता हासिल की है, उससे उनकी शक्ति को कम करके आंकना शिवसेना और एनसीपी के लिए ख़तरे की घंटी हो सकती है। 

    25 साल चलेगी सरकार

    शिवसेना प्रवक्ता राउत ने एनसीपी अध्यक्ष शरद पवार से मुलाकात के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि महाविकास आघाड़ी सरकार अगले 25 साल तक चलेगी, अगर इसका पावर सेंटर सिल्वर ओक (पवार का निवास) होगा। राउत के इस बयान को महाराष्ट्र की राजनीति में एक बड़ा शिफ्ट माना जा रहा है क्योंकि अभी तक सरकार का पॉवर सेंटर ठाकरे का निवास मातोश्री माना जाता था। 

    संजय राउत ने  भाजपा पर साधा निशाना

    संजय राउत ने इस मौके पर बीजेपी को घेरते हुए कहा कि अमरावती से लेकर एसटी हड़ताल तक महाराष्ट्र में आग लगाने की कोशिश कौन कर रहा है। यह सबको पता है। राउत ने कहा कि  पवार के साथ महाराष्ट्र की राजनीति व एसटी हड़ताल से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हुई। हम जल्द ही एसटी हड़ताल का समाधान निकालेंगे।

    बीजेपी का सरकार पर पलटवार  

    बीजेपी ने मालेगांव, नांदेड़ और अमरावती में हुई हिंसा को लेकर आघाडी सरकार पर हमला बोला है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष चंद्रकांत पाटिल ने कहा कि राज्य सरकार सेवानिवृत्त न्यायाधीशों के माध्यम से अमरावती दंगों की जांच कराए, ताकि इसका सच सबके सामने आ सके। वह कोल्हापुर में बोल रहे थे। पाटिल ने कहा कि आघाडी सरकार डरी हुई है। इसलिए शीतकालीन सत्र नागपुर के बजाय मुंबई में कराने की तैयारी चल रही है।